भारतीय रेलवे के मोकामा रेलखंड में होने वाले नॉन-इंटरलॉकिंग कार्य के कारण 21 सितंबर से 4 अक्टूबर 2026 तक रेल परिचालन प्रभावित रहेगा। इस अवधि में कुल 845 ट्रेन सेवाओं पर असर पड़ने की जानकारी है। इनमें 338 ट्रेनें रद्द की जाएंगी, जबकि 384 ट्रेनों को बदले हुए मार्ग से चलाया जाएगा। यात्रा की योजना बना रहे यात्रियों को रवाना होने से पहले अपनी ट्रेन की स्थिति जरूर जांचने की सलाह दी गई है।
14 दिनों तक चलेगा रेल कार्य
मोकामा में गंगा नदी पर तैयार किए जा रहे नए समानांतर डबल लाइन रेल पुल को मौजूदा रेल नेटवर्क से जोड़ने के लिए नॉन-इंटरलॉकिंग का काम किया जाना है। इसी वजह से 21 सितंबर से 4 अक्टूबर तक ट्रैफिक ब्लॉक लिया जाएगा।
नए पुल का उद्देश्य मौजूदा राजेंद्र सेतु पर रेल यातायात के दबाव को कम करना और इस महत्वपूर्ण रेल कॉरिडोर की क्षमता बढ़ाना है। काम के दौरान कई ट्रेनों के परिचालन में अस्थायी बदलाव किए जाएंगे।
338 ट्रेनें रहेंगी रद्द
रेलवे के मुताबिक ट्रैफिक ब्लॉक के दौरान कुल 845 ट्रेन सेवाएं प्रभावित होंगी। इनमें:
- 338 ट्रेनें रद्द रहेंगी।
- 384 ट्रेनों का रूट बदला जाएगा।
- 67 ट्रेनें शॉर्ट-ऑरिजिनेट होंगी।
- 56 ट्रेनें शॉर्ट-टर्मिनेट की जाएंगी।
शॉर्ट-ऑरिजिनेट का मतलब है कि कुछ ट्रेनें अपने निर्धारित शुरुआती स्टेशन के बजाय किसी दूसरे स्टेशन से रवाना होंगी। वहीं शॉर्ट-टर्मिनेट होने वाली ट्रेनों को उनके तय गंतव्य से पहले ही किसी अन्य स्टेशन पर समाप्त किया जा सकता है।
रेल परिचालन पर सबसे अधिक असर 3 अक्टूबर को पड़ने की संभावना है। इस दिन 36 ट्रेनों के रद्द रहने की जानकारी दी गई है।
पांच जगहों पर होगा कनेक्टिविटी का काम
नए डबल लाइन रेल पुल को मौजूदा नेटवर्क से जोड़ने के लिए पांच प्रमुख स्थानों पर काम प्रस्तावित है। इनमें अपर हथिदह जंक्शन, ताल जंक्शन, रामपुर डुमरा, दिनकर ग्राम सिमरिया और बरौनी जंक्शन शामिल हैं।
पुल और इससे जुड़े रेल नेटवर्क का काम पूरा होने के बाद इस मार्ग पर ट्रेनों के संचालन के लिए अतिरिक्त क्षमता उपलब्ध होगी।
यूपी समेत कई राज्यों के यात्रियों पर असर
मोकामा में होने वाले कार्य का प्रभाव सिर्फ बिहार तक सीमित नहीं रहेगा। उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, झारखंड और ओडिशा की ओर आने-जाने वाली कई ट्रेनों के परिचालन में भी बदलाव हो सकता है।
हावड़ा, पटना, कोलकाता और नई दिल्ली को जोड़ने वाले व्यस्त रेल मार्गों पर चलने वाली कुछ लंबी दूरी की ट्रेनों के शेड्यूल और रूट प्रभावित होंगे। प्रभावित सेवाओं में कोलकाता-जयनगर एक्सप्रेस, अजमेर-भागलपुर एक्सप्रेस और गोरखपुर-रांची एक्सप्रेस जैसी ट्रेनें भी शामिल हैं।
यात्रा से पहले जरूर चेक करें ट्रेन स्टेटस
21 सितंबर से 4 अक्टूबर के बीच ट्रेन से सफर करने वाले यात्रियों को अपनी ट्रेन की स्थिति पहले से जांच लेनी चाहिए। ट्रैफिक ब्लॉक के कारण किसी ट्रेन का परिचालन रद्द हो सकता है या उसके मार्ग और शुरुआती अथवा अंतिम स्टेशन में बदलाव किया जा सकता है।
इसलिए टिकट होने के बावजूद यात्रा से पहले ट्रेन का रनिंग स्टेटस, रूट और शेड्यूल जरूर देख लें, ताकि स्टेशन पहुंचने के बाद किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
करीब ₹1,491 करोड़ की परियोजना
मोकामा में गंगा नदी पर बन रहे नए डबल लाइन रेल पुल की परियोजना को वर्ष 2015-16 के रेल बजट में मंजूरी मिली थी। परियोजना की अनुमानित लागत करीब 1,491.47 करोड़ रुपये बताई गई थी।
यह नया पुल वर्ष 1959 से रेल यातायात संभाल रहे सिंगल लाइन राजेंद्र सेतु पर दबाव कम करने में मदद करेगा। परियोजना पूरी होने के बाद पूर्वी भारत के इस महत्वपूर्ण रेल मार्ग पर अतिरिक्त क्षमता मिलने और ट्रेनों के परिचालन को अधिक सुचारु बनाने की उम्मीद है।
