जामताड़ा: समाहरणालय सभागार में सोमवार को उपायुक्त आलोक कुमार की अध्यक्षता में जिला स्वास्थ्य समिति की मासिक समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में जिले में संचालित राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों और विभिन्न स्वास्थ्य योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई। उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निर्धारित लक्ष्यों को समय पर पूरा करने और स्वास्थ्य सेवाओं में अपेक्षित सुधार सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
बैठक के दौरान ACVMS पोर्टल पर निबंधन, एनएचएम कर्मियों की उपस्थिति, स्वास्थ्य कार्यक्रमों के प्रमुख संकेतक और स्वास्थ्य संस्थानों के प्रदर्शन की समीक्षा की गई। उपायुक्त ने स्वास्थ्य कर्मियों की उपस्थिति में नियमितता सुनिश्चित करने के लिए बायोमेट्रिक अटेंडेंस को अनिवार्य रूप से लागू करने पर जोर दिया।
कमजोर प्रदर्शन वाले केंद्रों की होगी नियमित समीक्षा
कम उपलब्धि वाले स्वास्थ्य केंद्रों को चिह्नित कर सुधारात्मक कदम उठाने का निर्देश दिया गया। साथ ही प्रखंड स्तर पर स्वास्थ्य कार्यक्रमों की नियमित समीक्षा करने को कहा गया, ताकि लक्ष्य के अनुरूप प्रगति सुनिश्चित हो सके।
मातृ-शिशु स्वास्थ्य पर विशेष जोर
मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान गर्भवती महिलाओं के प्रथम तिमाही में पंजीकरण, चार आवश्यक एएनसी जांच, संस्थागत प्रसव और टीकाकरण की स्थिति पर चर्चा हुई। उपायुक्त ने टीकाकरण से छूटे बच्चों की पहचान कर उनका शत-प्रतिशत टीकाकरण कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने जरूरत के अनुसार विशेष टीकाकरण अभियान चलाने और U-WIN पोर्टल पर टीकाकरण तथा प्रसव के बाद लाभार्थियों से संबंधित जरूरी प्रविष्टियां समय पर करने को कहा।
मिजिल्स-रूबेला और अन्य स्वास्थ्य कार्यक्रमों की समीक्षा
मिजिल्स-रूबेला की रोकथाम के लिए विशेष टीकाकरण सत्र आयोजित करने पर भी जोर दिया गया। बैठक में परिवार नियोजन कार्यक्रम, टीबी नियंत्रण और NLEP की प्रगति की भी समीक्षा हुई।
NLEP से जुड़े लंबित भुगतान को 5 अक्टूबर तक पूरा करने का निर्देश दिया गया। अधिकारियों को योजनाओं की निगरानी के साथ-साथ जमीनी स्तर पर उनके प्रभावी क्रियान्वयन पर भी ध्यान देने को कहा गया।
बैठक में सिविल सर्जन डॉ. एसके मिश्रा समेत स्वास्थ्य विभाग के अन्य पदाधिकारी और संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
