रांची: झारखंड शिक्षा परियोजना की ओर से एक महत्वपूर्ण कार्यालय आदेश जारी किया गया है, जिसमें स्पष्ट किया गया है कि सत्र 2026-27 में जिला के सभी विद्यालयों में नामांकन प्रक्रिया जारी है और अंतिम चरण में पहुंच चुकी है.
इस दौरान यह मामला भी सामने आया कि कई विद्यार्थियों का PEN (Permanent Education Number) नंबर जनरेट नहीं हो पाया है, जिसकी वजह से उन्हें नए विद्यालयों में नामांकन लेने में परेशानी हो रही है.
निजी और सरकारी स्कूलों में एडमिशन को लेकर बढ़ी थी असमंजस की स्थिति
जिला शिक्षा पदाधिकारी सह जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने इस संबंध में सभी सरकारी और निजी विद्यालयों के प्राचार्यों को निर्देश जारी करते हुए कहा है कि जिन विद्यार्थियों के पास PEN नंबर उपलब्ध नहीं है, उनका भी नामांकन सत्र 2026-27 में किसी भी स्थिति में रोका नहीं जाए.
स्पष्ट आदेश- PEN नंबर के अभाव में किसी छात्र को न रोका जाए
आदेश में यह भी उल्लेख किया गया है कि कई मामलों में विद्यार्थियों का नामांकन सत्र 2025-26 में गैर-मान्यता प्राप्त या बिना UDISE कोड वाले विद्यालयों में हुआ था, जिसके कारण उनका PEN नंबर जनरेट नहीं हो सका है.
गैर मान्यता प्राप्त स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को मिली राहत
ऐसे विद्यार्थियों को नए विद्यालय में प्रवेश के दौरान PEN नंबर मांगा जा रहा है, जो उनके पास उपलब्ध नहीं है. इस स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन ने यह निर्णय लिया है.
प्रशासन ने दखल देकर नामांकन प्रक्रिया को किया आसान
जिला शिक्षा विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि जब UDISE PLUS पोर्टल सत्र 2026-27 के लिए सक्रिय होगा, तब इन सभी विद्यार्थियों का PEN नंबर विद्यालय या जिला स्तर से जनरेट कर लिया जाएगा. फिलहाल नामांकन प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की बाधा नहीं आने दी जाएगी.
बाद में स्कूल स्तर से किया जाएगा PEN नंबर जनरेट
इसके साथ ही अभिभावकों से यह सुनिश्चित कराने को कहा गया है कि वे अपने पूर्व विद्यालय से इस आशय का प्रमाण पत्र प्रस्तुत करें कि संबंधित छात्र का PEN नंबर जनरेट नहीं किया गया था.
अभिभावकों को देना होगा पूर्व विद्यालय का प्रमाण पत्र
यह आदेश ज्ञापांक 552, दिनांक 13 अप्रैल 2026 के तहत जारी किया गया है, जिससे स्पष्ट संदेश गया है कि शिक्षा के अधिकार को प्राथमिकता देते हुए किसी भी बच्चे का भविष्य प्रशासनिक प्रक्रियाओं के कारण प्रभावित नहीं होने दिया जाएगा.


