नई दिल्ली: हर माता-पिता का सपना होता है कि उनकी लाडली की पढ़ाई और शादी बिना किसी आर्थिक तंगी के धूमधाम से पूरी हो. महंगाई के इस दौर में उच्च शिक्षा और विवाह के खर्चों को संभालना एक बड़ी चुनौती है. इसी जरूरत को देखते हुए भारतीय जीवन बीमा निगम की एक खास योजना—LIC कन्यादान पॉलिसी (जीवन लक्ष्य प्लान-933)—बाजार में धूम मचा रही है.
इस योजना की सबसे बड़ी खासियत इसकी ‘छोटी किश्त और बड़ा फायदा’ वाली रणनीति है, जो मध्यमवर्गीय परिवारों के लिए वरदान साबित हो रही है.
क्या है ₹27 लाख का गणित?
LIC कन्यादान पॉलिसी के तहत यदि आप अपनी बेटी के लिए रोजाना मात्र ₹121 (लगभग ₹3,600 प्रति माह) की बचत करते हैं, तो मैच्योरिटी पर आपको लगभग ₹27 लाख का मोटा फंड मिलता है. इस स्कीम की अवधि 25 वर्ष होती है, लेकिन इसमें प्रीमियम का भुगतान केवल 22 वर्षों तक ही करना होता है. यानी आखिरी के 3 साल आपको कोई प्रीमियम नहीं देना, फिर भी आपकी पॉलिसी जारी रहती है और मैच्योरिटी पर पूरा लाभ मिलता है.
पिता की अनुपस्थिति में भी सुरक्षा का वादा
इस पॉलिसी का सबसे भावुक और मजबूत पहलू इसकी ‘इनबिल्ट सुरक्षा’ है. यदि पॉलिसी अवधि के दौरान पिता (पॉलिसीधारक) की असामयिक मृत्यु हो जाती है, तो परिवार को प्रीमियम भरने की चिंता नहीं करनी पड़ती:
- प्रीमियम माफी: भविष्य के सभी प्रीमियम LIC द्वारा माफ कर दिए जाते हैं.
- सालाना आय: बेटी की पढ़ाई और खर्चों के लिए LIC परिवार को हर साल सम एश्योर्ड का 10% (जैसे ₹10 लाख की पॉलिसी पर ₹1 लाख सालाना) प्रदान करती है.
- पूर्ण मैच्योरिटी: पिता के न रहने पर भी, 25 साल पूरे होने पर बेटी को निर्धारित मैच्योरिटी की पूरी राशि (जैसे ₹27 लाख) दी जाती है.
पात्रता और मुख्य शर्तें
इस योजना का लाभ लेने के लिए कुछ बुनियादी शर्तें तय की गई हैं
- उम्र सीमा: पिता की न्यूनतम उम्र 30 वर्ष और अधिकतम 50 वर्ष होनी चाहिए. बेटी की उम्र कम से कम 1 वर्ष होनी चाहिए.
- पॉलिसी टर्म: यह प्लान 13 से 25 वर्ष की अवधि के लिए उपलब्ध है.
- टैक्स लाभ: निवेश की गई राशि पर इनकम टैक्स की धारा 80C के तहत छूट मिलती है, और मैच्योरिटी की राशि धारा 10(10D) के तहत पूरी तरह टैक्स-फ्री होती है.


