Sunday, April 19, 2026

15 दिन में 5 करोड़ की ठगी, किसी को डिजिटल अरेस्ट किया तो किसी को मुनाफे का लालच देकर ठगा

Share

रांची: झारखंड पुलिस द्वारा साइबर अपराधियों के खिलाफ जोरदार प्रचार अभियान के बावजूद साइबर ठगी के मामले थमने का नाम नहीं ले रहे हैं. कोई लालच में साइबर अपराधियों के चंगुल में फंस रहा है, तो कोई डर के मारे अपने खाते खाली करवा रहा है. जनवरी माह में साइबर अपराधियों ने 5 करोड़ 4 लाख रुपये की ठगी की है.

आए हैं पांच बड़े मामले

वर्ष 2025 के पहले 15 दिनों में साइबर अपराधियों ने झारखंड के अलग-अलग जिलों से पांच बड़ी ठगी की घटनाओं को अंजाम दिया है. सभी पांच मामलों में प्रत्येक व्यक्ति से 50 लाख से अधिक की ठगी की गई है. सबसे अधिक ठगी डिजिटल अरेस्ट के जरिए रांची के एक व्यक्ति से की गई है

झारखंड के डीजीपी अनुराग गुप्ता ने बताया कि जनवरी 2025 माह में अब तक साइबर ठगी के पांच बड़े मामले सामने आए हैं, जिसमें सभी से पचास लाख से अधिक की ठगी की गई है. सबसे बड़ी ठगी रांची के बरियातू में रहने वाले एक रिटायर्ड अधिकारी से की गई है. रिटायर्ड अधिकारी से साइबर अपराधियों ने 2 करोड़ 27 लाख रुपये की ठगी की है.

सीआईडी ​​के साइबर थाने में दर्ज होते हैं ऐसे मामले

झारखंड के डीजीपी अनुराग गुप्ता ने बताया कि सीआईडी ​​के साइबर थाने में 10 लाख रुपये से अधिक की ठगी के मामले दर्ज हैं. जनवरी माह में सीआईडी ​​के साइबर थाने में पांच बड़े मामले सामने आए हैं. एक मामले में डिजिटल अरेस्ट के जरिए पैसे ठगे गए. तीन मामलों में ऑनलाइन ट्रेडिंग के जरिए ठगी की गई. पांचवां मामला भी ट्रेडिंग से जुड़ा है.

कितनी रकम ठगी गई

  • डिजिटल अरेस्ट के जरिए दो करोड़ 27 लाख की ठगी
  • ऑनलाइन ट्रेडिंग के जरिए 61 लाख, 93 लाख और 67 लाख की ठगी
  • व्यापार में बेहतर मुनाफा देने के नाम पर 56 लाख की ठगी

अधिकांश रकम निकाली गई

डीजीपी अनुराग गुप्ता ने बताया कि ठगी की अधिकांश रकम बैंकों से निकाली गई है. साइबर क्राइम ब्रांच ने अपने प्रयासों से कुछ रकम फ्रीज करने में सफलता हासिल की है, लेकिन अधिकांश रकम निकाली जा चुकी है.

10 दिन में गिरफ्तारी का टास्क

झारखंड के डीजीपी अनुराग गुप्ता ने बताया कि जिन खातों में ठगी की रकम ट्रांसफर की गई है, उनका ब्योरा निकाला जा रहा है. अगले 10 दिन के अंदर सभी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा, चाहे वे देश में छिपे हों या विदेश में. सीआईडी ​​की साइबर क्राइम ब्रांच भी खातों से पैसे ट्रांसफर करने वालों की जानकारी जुटा रही है.

Read more

Local News