रांची: झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) की 14वीं सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा से जुड़ी कथित अनियमितताओं की जांच कर रही अपराध अनुसंधान विभाग (CID) ने सफल अभ्यर्थियों से सहयोग की अपील की है। एजेंसी ने अभ्यर्थियों से उनकी OMR शीट की कार्बन कॉपी उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है, ताकि जांच को तथ्यों के आधार पर आगे बढ़ाया जा सके।
CID के अनुसार, अभ्यर्थी पेपर-1 और पेपर-2 की OMR शीट की कार्बन कॉपी स्कैन कर PDF के रूप में या स्पष्ट फोटो के जरिए व्हाट्सएप अथवा आधिकारिक ईमेल पर भेज सकते हैं। जिन उम्मीदवारों के पास कार्बन कॉपी उपलब्ध नहीं है, उनसे अनुरोध किया गया है कि वे इसकी जानकारी कारण सहित एजेंसी को दें।
जांच एजेंसी ने दस्तावेज भेजने के लिए अपना आधिकारिक व्हाट्सएप नंबर और ईमेल आईडी भी जारी की है, ताकि अभ्यर्थी आवश्यक जानकारी आसानी से साझा कर सकें।
CID ने स्पष्ट किया है कि 14वीं JPSC प्रारंभिक परीक्षा से संबंधित शिकायतों की जांच कई पहलुओं पर की जा रही है। इससे पहले भी एजेंसी अभ्यर्थियों और आम नागरिकों से परीक्षा से जुड़े दस्तावेज, साक्ष्य और अन्य उपयोगी जानकारी उपलब्ध कराने की अपील कर चुकी है।
इसी जांच के तहत आयोग के पूर्व अध्यक्ष एल. ख्यांग्ते से लगातार दो दिनों तक पूछताछ की गई। अधिकारियों ने भर्ती प्रक्रिया से जुड़े विभिन्न बिंदुओं पर उनसे जानकारी हासिल की है। जांच एजेंसी का कहना है कि आवश्यकता पड़ने पर आगे भी संबंधित लोगों से पूछताछ की जा सकती है।
फिलहाल, CID का उद्देश्य उपलब्ध दस्तावेजों और अभ्यर्थियों से प्राप्त जानकारी के आधार पर जांच को निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से आगे बढ़ाना है।
