जन सुराज पार्टी ने बिहार सरकार के बजट को जनता के हितों से दूर बताया, 11 मिनट के बजट अभिभाषण की आलोचना की। पार्टी अध्यक्ष मनोज भारती ने शिक्षा-स्वास्थ्य में कटौती और बढ़ते कर्ज पर चिंता जताई। प्रशांत किशोर 8 फरवरी से बिहार का दौरा कर जनता से संवाद करेंगे, बजट व राज्य की परिस्थितियों पर सीधा फीडबैक लेंगे।
पटना। बिहार सरकार की प्राथमिकताओं को जनता के हितों से दूर बताते हुए जन सुराज पार्टी (Jan Suraj Party) ने मात्र 11 मिनट 43 सेकेंड मेंं बजट अभिभाषण समाप्त हो जाने पर सरकार की आलोचना की है।
बुधवार को प्रेस-वार्ता कर पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मनोज भारती ने कहा कि यह बजट बिहार की वास्तविक आवश्यकताओं और चुनौतियों का समाधान नहीं देता और जसुपा जनता के मुद्दों को लेकर आगे भी मजबूती से आवाज उठाती रहेगी।
आठ फरवरी से प्रशांत किशोर (PK) बिहार भ्रमण पर निकलेंगे, जहां वे राज्य के विभिन्न जिलों में जनता से संवाद करेंगे। साथ मेंं बजट व राज्य की वर्तमान परिस्थितियों पर सीधा फीडबैक लेंगे।
राष्ट्रीय प्रवक्ता सौरभ कुमार के अनुसार, वर्ष 2025 में प्रति व्यक्ति आय 68,624 रुपये थी, जो 2026 में मात्र 20 रुपये बढ़ी है। इससे राज्य की आर्थिक स्थिति की वास्तविक तस्वीर दिख जाती है।
शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र के बजट में कटौती
सरकार ने शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में बजट कटौती की है, जबकि कल्याण योजनाओं पर खर्च 38000 करोड़ से बढ़ाकर 58909 करोड़ रुपये कर दिया है।
यह प्राथमिकताओं का गंभीर असंतुलन है। देश मेंं सबसे कम राजकोषीय घाटा के बावजूद बिहार पहले से ही 50 हजार करोड़ रुपये के कर्ज में है।
ऐसे में डेढ़ करोड़ महिलाओं को आर्थिक सहायता देने की योजना कितनी व्यावहारिक होगी? सरकार बताए कि अगले पांच वर्षों में रोजगार और नौकरियों का सृजन किस क्षेत्र में होगा?
यदि केंद्र सरकार ने सहयोग से हाथ खींच लिए, तो 12 प्रतिशत राजकोषीय के साथ बिहार अगले पांच वर्षों में दिवालिया होने की स्थिति में पहुंच सकता है। प्रेस-वार्ता में मीडिया प्रभारी ओबैदुर रहमान भी उपस्थित रहे।


