नई दिल्ली: अगर आप सोना या चांदी खरीदने की सोच रहे हैं, तो आपके लिए एक बड़ी खबर है. वैश्विक बाजारों में उथल-पुथल और दुनिया भर के हालातों के चलते आज भारतीय सराफा बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में बहुत बड़ी गिरावट देखने को मिली है. सोमवार को बाजार खुलते ही दोनों कीमती धातुओं के दाम तेजी से नीचे गिर गए. जानकारों का कहना है कि खाड़ी देशों में बढ़ते तनाव और अमेरिका की मजबूत अर्थव्यवस्था के कारण निवेशकों में हलचल है, जिसका सीधा असर इन कीमतों पर पड़ा है.
वायदा बाजार (MCX) में कितनी आई गिरावट?
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर आज चांदी की कीमतों में सबसे ज्यादा गिरावट आई. जुलाई 2026 में मिलने वाली चांदी की कीमत 5,537 रुपये (करीब 2.23%) घटकर 2,43,000 रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गई. आपको बता दें कि पिछले कारोबारी दिन भी चांदी करीब 7% तक टूट गई थी. वहीं दूसरी ओर, अगस्त 2026 में मिलने वाले सोने का भाव भी 1,792 रुपये (1.15%) कम होकर 1,53,802 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ.
देश के बड़े शहरों में आज का खुदरा भाव
वायदा बाजार के साथ-साथ आपके नजदीकी बाजारों में भी कीमतों में बदलाव हुआ है. आज पूरे देश में खुदरा चांदी का औसत भाव 2,44,340 रुपये प्रति किलोग्राम के आसपास चल रहा है. वहीं, अलग-अलग शहरों में 10 ग्राम सोने के खुदरा दाम कुछ इस प्रकार हैं:
दिल्ली: 24 कैरेट शुद्ध सोना 1,53,490 रुपये और गहने बनाने वाला 22 कैरेट सोना 1,40,699 रुपये.
कोलकाता: यहां आज सोना सबसे सस्ता रहा. 24 कैरेट सोने का भाव 1,53,450 रुपये दर्ज किया गया.
चेन्नई और तिरुवनंतपुरम: दक्षिण भारत के इन शहरों में सोना सबसे महंगा बिक रहा है. तिरुवनंतपुरम में 24 कैरेट सोने का भाव 1,54,130 रुपये और चेन्नई में 1,54,100 रुपये रहा.
दाम गिरने की मुख्य वजह क्या है?
कीमतों में इस बड़ी गिरावट के पीछे दो मुख्य कारण हैं. पहला कारण यह है कि खाड़ी देशों (Middle East) में तनाव बढ़ने की वजह से कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं. तेल महंगा होने से दुनिया भर में महंगाई बढ़ने का डर सता रहा है. दूसरा कारण अमेरिका से जुड़ा है, जहाँ रोजगार के आंकड़े काफी मजबूत आए हैं. इस मजबूती को देखते हुए ऐसा लग रहा है कि अमेरिकी केंद्रीय बैंक फिलहाल ब्याज दरों में कोई कटौती नहीं करेगा. जब ब्याज दरें ऊंची रहती हैं, तो लोग सोने के बजाय बैंक और सरकारी स्कीमों में पैसा लगाना ज्यादा पसंद करते हैं, जिससे सोने की मांग कम हो जाती है और दाम गिरने लगते हैं.


