दुमका: जिले में शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के उद्देश्य से उपायुक्त अभिजीत सिन्हा ने शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए। बैठक में विद्यालयों की शैक्षणिक गतिविधियों, शिक्षकों की उपस्थिति, आधार पंजीकरण, मध्याह्न भोजन, विद्यालय भवनों की स्थिति और विभिन्न योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई।
खराब उपस्थिति पर वेतन रोकने के निर्देश
उपायुक्त ने शिक्षकों की उपस्थिति पर सख्ती दिखाते हुए कहा कि अगस्त माह में जिन शिक्षकों की उपस्थिति संतोषजनक नहीं होगी, उनके वेतन भुगतान पर रोक लगाने की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को सभी विद्यालयों में नियमित उपस्थिति सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए।
मिड-डे मील की गुणवत्ता पर रहेगा विशेष ध्यान
बैठक में मध्याह्न भोजन योजना की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों को समय-समय पर विद्यालयों का निरीक्षण करने और बच्चों के साथ बैठकर भोजन की गुणवत्ता की जांच करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराना प्राथमिकता होनी चाहिए।
आधार कार्ड और बुनियादी सुविधाएं जल्द हों पूरी
समीक्षा के दौरान बताया गया कि जिले के अधिकांश विद्यार्थियों का आधार पंजीकरण पूरा हो चुका है। उपायुक्त ने शेष छात्रों का आधार कार्ड जल्द बनवाने के निर्देश दिए। साथ ही निर्माणाधीन शौचालयों, अतिरिक्त कक्षों और आवश्यक फर्नीचर से जुड़े कार्यों को समय पर पूरा करने पर भी जोर दिया।
जर्जर भवनों की तत्काल रिपोर्ट मांगी
उपायुक्त ने निर्देश दिया कि यदि किसी विद्यालय की इमारत, छत या दीवार जर्जर स्थिति में है तो उसकी सूचना तत्काल उपलब्ध कराई जाए, ताकि समय रहते मरम्मत या वैकल्पिक व्यवस्था कर किसी भी संभावित दुर्घटना से बचा जा सके।
उत्कृष्ट शिक्षकों को मिलेगा सम्मान
बैठक में यह भी घोषणा की गई कि जिले में प्रत्येक माह उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले शिक्षकों को सम्मानित किया जाएगा। विद्यार्थियों की उपस्थिति, विद्यालय की स्वच्छता, शैक्षणिक गुणवत्ता, स्पोकन इंग्लिश और अन्य मानकों के आधार पर बेहतर कार्य करने वाले शिक्षकों का चयन किया जाएगा।
शिक्षा व्यवस्था मजबूत करने पर जोर
उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी विद्यालयों में आवश्यक बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं और यह सुनिश्चित किया जाए कि किसी भी परिस्थिति में विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित न हो। बैठक में शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों और सभी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों ने भाग लिया।
