ओमान में भारतीय कृषि उत्पादों और अगरबत्ती की बढ़ती मांग को देखते हुए इन दोनों संस्थाओं के लिए व्यापक व्यापारिक संभावनाएं मौजूद हैं. निर्यात कार्य शीघ्र प्रारंभ होगा.
समस्तीपुर में निर्मित अगरबत्ती से ओमान सुगंधित होगा. कृषि उत्पाद और अगरबत्ती उद्योग के लिए अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में एक बड़ा अवसर सामने आया है. जिले में स्थित समथू फार्मर प्रोड्यूसर ऑर्गनाइजेशन के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अमरदीप कुमार ने मस्कट, ओमान स्थित भारतीय दूतावास में राजदूत जीवी श्रीनिवास के साथ बैठक की. बैठक को भारतीय निर्यात को मजबूती देने की दिशा में एक निर्णायक कदम माना जा रहा है. निर्यात की संभावनाओं पर गहन चर्चा बैठक के दौरान हुई.
निर्यात कार्य होगा शीघ्र प्रारंभ
अगरबत्ती, ताज़े फल, सब्ज़ियां और मखाना जैसे मूल्यवर्धित भारतीय उत्पादों को ओमान के बाज़ार में निर्यात करने की संभावनाओं पर गहन चर्चा हुई. राजदूत ने निर्यात प्रक्रिया, ओमान के बाज़ार की विशिष्ट आवश्यकताओं और उपलब्ध व्यापारिक अवसरों पर विस्तृत मार्गदर्शन प्रदान किया. उन्होंने समथू एफपीओ और इससे जुड़ी संस्था मोरंग देश अगरबत्ती के लिए हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया. राजदूत ने जोर देते हुए कहा कि ओमान में भारतीय कृषि उत्पादों और अगरबत्ती की बढ़ती मांग को देखते हुए इन दोनों संस्थाओं के लिए व्यापक व्यापारिक संभावनाएं मौजूद हैं. निर्यात कार्य शीघ्र प्रारंभ होगा.
एमओयू पर हुआ हस्ताक्षर
इस आधिकारिक दौरे का सबसे महत्वपूर्ण नतीजा रहा कि एमओयू पर हस्ताक्षर हुआ. इस एमओयू के तहत जल्द ही फलों, सब्ज़ियों, मखाना और अगरबत्ती के निर्यात कार्य को ओमान के लिए प्रारंभ किया जाएगा. यह समझौता ज्ञापन भारतीय किसानों, छोटे उद्यमियों और अगरबत्ती निर्माताओं के लिए अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में सीधे पहुंचने का एक बड़ा अवसर प्रदान करेगा, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी बल मिलेगा. हजारों किसानों को वैश्विक मंच मिलेगा.
साबित होगा मील का पत्थर
सीइओ ने कहा कि भारतीय दूतावास द्वारा दिया गया सहयोग, मार्गदर्शन और प्रेरणा अत्यंत मूल्यवान है. यह समर्थन न केवल उनके संस्थानों को, बल्कि बिहार तथा भारत के हजारों किसानों और उद्यमियों को वैश्विक मंच पर आगे बढ़ाने में सहायक होगा. यह पहल भारत और ओमान के बीच कृषि व्यापार और वैल्यू-ऐडेड उत्पादों के निर्यात को नई ऊंचाइयों पर ले जाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा.


