मुंबई: भारतीय शेयर बाजार ने बुधवार को मजबूत बढ़त के साथ कारोबार समाप्त किया। दिनभर चली खरीदारी के दम पर सेंसेक्स और निफ्टी दोनों प्रमुख सूचकांक तेजी के साथ बंद हुए। आईटी, बैंकिंग, मेटल और एफएमसीजी सेक्टर के शेयरों में अच्छी लिवाली देखने को मिली, जिससे निवेशकों का भरोसा मजबूत हुआ।
कारोबार के अंत में बीएसई सेंसेक्स 889 अंकों यानी 1.16 प्रतिशत की बढ़त के साथ 77,654.60 पर बंद हुआ। वहीं एनएसई निफ्टी 50 265 अंक (करीब 1.10 प्रतिशत) चढ़कर 24,250.20 के स्तर पर बंद हुआ।
इन शेयरों ने बाजार को दी मजबूती
बाजार की तेजी में हिंदुस्तान यूनिलीवर और इन्फोसिस का महत्वपूर्ण योगदान रहा। इनके अलावा ट्रेंट और टाटा स्टील के शेयरों में भी अच्छी बढ़त दर्ज की गई, जिससे ये दिन के प्रमुख लाभ वाले शेयरों में शामिल रहे।
हालांकि सभी शेयरों में तेजी नहीं रही। महिंद्रा एंड महिंद्रा (M&M), पावर ग्रिड और एनटीपीसी के शेयरों पर बिकवाली का दबाव देखने को मिला और ये प्रमुख गिरावट वाले शेयरों में शामिल रहे।
मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी तेजी
बाजार की सकारात्मक धारणा का असर मिडकैप और स्मॉलकैप कंपनियों पर भी दिखाई दिया। निफ्टी मिडकैप इंडेक्स लगभग 0.82 प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुआ, जबकि निफ्टी स्मॉलकैप इंडेक्स ने करीब 1.48 प्रतिशत की तेजी दर्ज कर बेहतर प्रदर्शन किया।
बाजार की तेजी के पीछे क्या रहे कारण?
विश्लेषकों का मानना है कि कंपनियों के बेहतर तिमाही नतीजों और आईटी सेक्टर में लगातार खरीदारी से निवेशकों का भरोसा बढ़ा है। वैश्विक स्तर पर कुछ चुनौतियां, जैसे एशियाई बाजारों में कमजोरी और पश्चिम एशिया में तनाव के कारण कच्चे तेल की कीमतों में बढ़ोतरी, बनी रहने के बावजूद घरेलू बाजार ने सकारात्मक रुख बनाए रखा।
आगे बाजार की दिशा
तकनीकी विश्लेषकों के अनुसार, निफ्टी के लिए 24,300 से 24,400 का दायरा निकट अवधि में महत्वपूर्ण प्रतिरोध क्षेत्र हो सकता है। यदि सूचकांक इस स्तर के ऊपर मजबूती से टिकता है, तो आने वाले सत्रों में 24,500 के स्तर की ओर बढ़ने की संभावना बन सकती है। फिलहाल बाजार का अल्पकालिक रुझान सकारात्मक माना जा रहा है।
