Saturday, October 3, 2026

रामगढ़ में ग्रामसभाओं में विकास योजनाओं पर चर्चा, ग्रामीण जरूरतों के आधार पर हुआ योजनाओं का चयन.

Share

रामगढ़: महात्मा गांधी जयंती के अवसर पर चितरपुर प्रखंड की कई पंचायतों में विशेष ग्रामसभाओं का आयोजन किया गया। बोरोबिंग, बड़कीपोना और भुचुंगडीह समेत विभिन्न पंचायतों में हुई बैठकों में ग्रामीण विकास, जल संरक्षण, स्वच्छता, आजीविका और बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी योजनाओं पर चर्चा की गई।

ग्रामसभाओं में ग्रामीणों की स्थानीय जरूरतों को ध्यान में रखते हुए विकास योजनाओं के चयन पर सहमति बनाई गई। साथ ही सरकार की ओर से संचालित रोजगार और आजीविका से संबंधित योजनाओं की जानकारी भी ग्रामीणों को दी गई।

बोरोबिंग में कई योजनाओं का चयन

बोरोबिंग पंचायत सचिवालय में मुखिया बसंती देवी की अध्यक्षता में ग्रामसभा आयोजित हुई। बैठक में जल सुरक्षा, आजीविका, ग्रामीण आधारभूत संरचना तथा मौसम और आपदा से जुड़े कार्यों पर विस्तार से चर्चा हुई।

ग्रामसभा में विभिन्न श्रेणियों के तहत बड़ी संख्या में योजनाओं का चयन किया गया। इनमें 3 भंडार कक्ष, 55 कुएं, 10 डोभा, 1 मिट्टी-मोरम कार्य, 540 दीदी बाड़ी, 10 सोलर सेट, 4 टपकन सिंचाई, 120 पशु शेड, 126 सोक पिट, 6 पीसीसी सड़क, 5 लघु उद्योग, 65 पीएम आवास और 3 तालाब शामिल हैं।

बैठक में ग्रामीणों को रोजगार एवं आजीविका से जुड़ी सरकारी योजनाओं की जानकारी दी गई। कार्यक्रम का संचालन रोजगार सेवक कुमार विवेक ने किया। पंचायत सचिव अजय मरांडी समेत पंचायत प्रतिनिधि और ग्रामीण मौजूद रहे।

बड़कीपोना में पेयजल और स्वच्छता पर जोर

बड़कीपोना पंचायत में मुखिया अरविंद कुमार सिंह की अध्यक्षता में विशेष ग्रामसभा हुई। बैठक में पेयजल, स्वच्छता, जल संरक्षण और पंचायत के अन्य विकास कार्यों पर विचार-विमर्श किया गया।

ग्रामीणों की जरूरत के अनुसार योजनाओं को प्राथमिकता देने और पंचायत क्षेत्र को स्वच्छ एवं बेहतर बनाने पर जोर दिया गया। पंचायत सचिव युगेश कुमार, पंचायत समिति सदस्य शंभू कुमार, प्रदीप कुमार समेत कई ग्रामीण बैठक में शामिल हुए।

भुचुंगडीह में ग्रामीण सहभागिता से विकास का संकल्प

भुचुंगडीह पंचायत में मुखिया सुनीता देवी की अध्यक्षता में ग्रामसभा का आयोजन किया गया। इस दौरान महात्मा गांधी के स्वच्छता, आत्मनिर्भरता और ग्राम स्वराज से जुड़े विचारों पर चर्चा हुई।

बैठक में ग्रामीणों की भागीदारी के साथ पंचायत के समग्र विकास को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया गया। स्थानीय स्तर पर जरूरी कार्यों को चिन्हित कर उन्हें योजनाओं में शामिल करने पर भी जोर दिया गया।

ग्रामसभा में तय होती हैं स्थानीय प्राथमिकताएं

विशेष ग्रामसभाओं के माध्यम से ग्रामीणों को अपने क्षेत्र की समस्याओं और विकास की जरूरतों को सामने रखने का अवसर मिला। जल संरक्षण, रोजगार, आवास, स्वच्छता और आधारभूत सुविधाओं से जुड़े प्रस्तावों को स्थानीय प्राथमिकताओं के आधार पर आगे बढ़ाने की बात कही गई।

BHARAT SUPERFAST NEWS

Read more

Local News