देश की राजधानी से एक बहुत बुरी खबर आ रही है. पूर्व अंतरराष्ट्रीय शूटर जसपाल राणा का निधन हो गया है. बताया जा रहा है कि उत्तराखंड के मूल निवासी जसपाल राणा ने आज सुबह मैक्स साकेत अस्पताल में अंतिम सांस ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सीएम धामी ने उनके निधन पर शोक जताया है
शूटर जसपाल राणा का निधन: जसपाल राणा अपने समय के जाने माने शूटर थे. वे एशियन गेम्स के गोल्ड मेडलिस्ट रहे थे. उन्होंने डबल ओलंपिक मेडलिस्ट मनु भाकर को भी कोचिंग दी.
जसपाल राणा भारतीय शूटिंग टीम के हाई परफॉर्मेंस कोच थे: भारत के यह मशहूर निशानेबाज बाद में कोच बन गए थे. जसपाल राणा एशियन गेम्स गोल्ड मेडलिस्ट रहे. आज शुक्रवार को 49 की उम्र में उनका निधन हो गया. जसपाल राणा भारत के पिस्टल शूटर्स के हाई परफॉर्मेंस कोच की भूमिका निभा रहे थे. जानकारी मिली है कि म्यूनिख में आईएसएसएफ वर्ल्ड कप से भारत लौटने के दौरान उन्हें कुछ असहज महसूस हुआ. जिसके बाद उन्हें मैक्स साकेत अस्पताल में भर्ती कराया गया था.
जसपाल राणा के निधन से खेल जगत में शोक की लहर: जसपाल राणा के निधन की खबर से भारतीय खेल जगत में शोक की लहर दौड़ गई है. बताया जा रहा है कि जसपाल राणा म्यूनिख से भारत वापस लौट रहे थे. वापसी के दौरान ही उन्हें असहज महसूस हो रहा था. दरअसल जसपाल राणा आईएसएफ वर्ल्ड कप में हिस्सा लेने गई भारतीय शूटिंग टीम के हाई परफॉर्मेंस कोच के रूप में वहां गए थे. आईएसएफ वर्ल्ड कप में शानदार प्रदर्शन के बाद भारतीय टीम के साथ जसपाल राणा भी म्यूनिख से नई दिल्ली वापस लौट रहे थे.
म्यूनिख से लौटते समय खराब हुई थी तबीयत: म्यूनिख से नई दिल्ली लौटते समय विमान में ही जसपाल राणा को असहज महसूस हुआ. फ्लाइट के दिल्ली लैंड करने के बाद भी जसपाल राणा की स्वास्थ्य असहजता कम नहीं हुई तो उन्हें एयरपोर्ट से सीधे साकेत के मैक्स हॉस्पिटल ले जाया गया. मैक्स हॉस्पिटल के डॉक्टरों ने जसपाल राणा का उपचार किया, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका और आज शुक्रवार सुबह उनका निधन हो गया.
उत्तराखंड में हुआ जसपाल राणा का जन्म, शूटिंग में कमाया नाम: जसपाल राणा का जन्म 1976 में उत्तराखंड में हुआ था. गढ़वाली परिवार में जन्मे राणा के पिता नारायण सिंह राणा ने ही बेटे जसपालको शुरुआती दौर में शूटिंग के लिए प्रशिक्षित किया था. नारायण सिंह राणा ने 1971 युद्ध में भाग लिया था. नाम कमाने के बाद जसपाल राणा ने देहरादून में जसपाल राणा इंस्टीट्यूट ऑफ एजुकेशन एंड टेक्नोलॉजी की स्थापना की था. यह संस्थान शारीरिक शिक्षा और खेल के क्षेत्र में युवाओं को प्रशिक्षित करता है.
जसपाल राणा साल 2012 से जूनियर नेशनल कोच के पद पर थे. पेरिस ओलंपिक में दो कांस्य पदक जीतने वाली मनु भाकर को भी उन्होंने प्रशिक्षित किया है. मनु के साथ अनीश भानवाला, सौरभ चौधरी और चिंकी यादव जैसे शूटरों को भी प्रशिक्षित किया.
जसपाल राणा के नाम कई सम्मान-
- 18 साल की उम्र में ही जसपाल राणा को मिले अर्जुन पुरस्कार और पद्मश्री:जसपाल राणा बहुत प्रतिभाशाली शूटर थे. उन्हें मात्र 18 वर्ष की आयु में अर्जुन पुरस्कार (1994) और पद्म श्री (1997) से सम्मानित किया गया था.
- राणा को मदर टेरेसा द्वारा राष्ट्रीय नागरिक पुरस्कार भी प्रदान किया गया था.
- खेल में उनके योगदान को देखते हुए उत्तराखंड गौरव सम्मान से भी नवाजा गया था. यह उत्तराखंड का सर्वोच्च नागरिक सम्मान है.
- साल 2020 में राणा को भारतीय शूटिंग को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए द्रोणाचार्य पुरस्कार से सम्मानित किया गया.
- नेशनल राइफल एसोसिएशन ऑफ इंडिया (NRAI) ने 2025 फरवरी में राणा को 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा के लिए कोच नियुक्त किया था.
राजनीति में भी रहे सक्रिय: खेल के साथ ही जसपाल राणा उत्तराखंड की राजनीति में भी सक्रिय रहे थे. उन्होंने बीजेपी और कांग्रेस दोनों का प्रतिनिधित्व किया है.
| राष्ट्रमंडल खेलों में जमाई थी बादशाहत: वे राष्ट्रमंडल खेलों (Commonwealth Games) के इतिहास में भारत के सबसे सफल निशानेबाजों में से एक रहे. साल 1994, 1998, 2002 और 2006 राष्ट्रमंडल खेलों में टोटल 15 पदक जीते थे. इनमें 9 स्वर्ण, 4 रजत और 2 कांस्य पदक हैं. राष्ट्रमंडल खेलों के इतिहास में 15 पदक जीतने का ऐतिहासिक रिकॉर्ड भी उनके नाम है.एशियाई खेलों में किया था स्वर्णिम प्रदर्शन: एशियाई खेलों में भी राणा की बादशाहत रही. इन खेलों में राणा ने 4 स्वर्ण पदक जीते हैं. 2006 दोहा एशियाई खेलों में उन्होंने 25 मीटर सेंटर फायर पिस्टल स्पर्धा में 590 अंकों के साथ विश्व रिकॉर्ड की बराबरी की थी. |
जसपाल राणा के परिवार में उनकी पत्नी रीना राणा और दो बच्चे बेटी देवांश और बेटा युवराज हैं. रीना राणा भी राष्ट्रीय स्तर की निशानेबाज रही हैं. पिता नारायण सिंह राणा के साथ ही दो भाई-बहन सुभाष राणा और सुषमा राणा हैं. दोनों भाई-बहन भी अच्छे निशानेबाज रहे हैं. जसपाल राणा की बहन सुषमा राणा का विवाद केंद्रीय मंत्री व बीजेपी नेता राजनाथ सिंह के बेटे से हुआ है.


