Bihar Teacher Training 2026: बिहार के सरकारी माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के लिए शिक्षा विभाग ने विशेष पहल शुरू की है। इसके तहत राज्य के 1,25,211 शिक्षकों को आपदा प्रबंधन और विद्यालय सुरक्षा का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इस अभियान के लिए पहले चरण में 280 मास्टर ट्रेनर्स तैयार किए जा रहे हैं।
पटना में शुरू हुआ राज्यस्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम
बिहार शिक्षा परियोजना परिषद और यूनिसेफ के संयुक्त तत्वावधान में शुक्रवार, 30 अक्टूबर से पटना में राज्यस्तरीय आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू हुआ। यह कार्यक्रम 12 नवंबर तक चलेगा।
इस दौरान चयनित 280 मास्टर ट्रेनर्स को पांच बैच में दो-दिवसीय प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण पूरा होने के बाद ये मास्टर ट्रेनर्स अपने-अपने जिलों में जाकर दूसरे शिक्षकों को प्रशिक्षित करेंगे।
दो महीने में 1.25 लाख शिक्षकों का होगा उन्मुखीकरण
योजना के अनुसार, अगले दो महीनों के भीतर राज्य के माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों के कुल 1,25,211 शिक्षकों को आपदा प्रबंधन और स्कूल सुरक्षा से संबंधित जानकारी दी जाएगी।
इस पहल का उद्देश्य विद्यालयों को संभावित आपदाओं और अन्य जोखिमों से निपटने के लिए तैयार करना है, ताकि आपात स्थिति में विद्यार्थियों और शिक्षकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
स्कूलों में खतरों की पहचान करना सीखेंगे शिक्षक
प्रशिक्षण के पहले दिन मास्टर ट्रेनर्स को विद्यालय परिसर में मौजूद संभावित खतरों की पहचान करने की जानकारी दी गई। इसमें स्कूल भवन, कक्षाओं, प्रयोगशालाओं, बिजली व्यवस्था और परिसर के अन्य हिस्सों में मौजूद जोखिमों को समझना शामिल है।
इसके अलावा उन्हें सुरक्षित निकासी योजना तैयार करने और आपात स्थिति में विद्यार्थियों को सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने की प्रक्रिया भी बताई गई।
आग और भूकंप जैसी परिस्थितियों के लिए होगी मॉक ड्रिल
प्रशिक्षण में मास्टर ट्रेनर्स को मॉक ड्रिल आयोजित कराने का व्यावहारिक अभ्यास भी कराया जा रहा है। इसके तहत आग लगने, भूकंप और अन्य आपात परिस्थितियों में उठाए जाने वाले शुरुआती कदमों की जानकारी दी जा रही है।
कार्यक्रम में इस बात पर भी जोर दिया जा रहा है कि विद्यार्थियों को केवल आपदा से जुड़ी जानकारी देना पर्याप्त नहीं है। उनमें सुरक्षा के प्रति जागरूकता और सही व्यवहार विकसित करना भी जरूरी है।
विद्यालयों में सुरक्षित माहौल तैयार करना लक्ष्य
बिहार शिक्षा परियोजना परिषद के राज्य परियोजना निदेशक नवदीप शुक्ला के अनुसार, इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यालयों को आपदा और विभिन्न प्रकार के जोखिमों से सुरक्षित बनाना है।
उन्होंने बताया कि शिक्षकों को आपात परिस्थितियों में सही निर्णय लेने, विद्यार्थियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और राहत एवं बचाव से
