Friday, October 30, 2026

छठ से पहले मधुकम की मुख्य सड़क की मरम्मत की मांग, वर्षों से जर्जर मार्ग से परेशान 10 हजार लोग.

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रांची | 30 अक्टूबर 2026

राजधानी रांची के मधुकम इलाके में मुख्य सड़क की बदहाल स्थिति स्थानीय लोगों के लिए परेशानी का कारण बनी हुई है। रातू रोड से साई कॉलोनी तक जाने वाली सड़क पर जगह-जगह गड्ढे बन गए हैं। करीब 10 हजार की आबादी इस मार्ग से आवागमन करती है। छठ पर्व नजदीक आने के साथ ही लोगों ने सड़क की स्थायी मरम्मत कराने की मांग तेज कर दी है।

18 छोटी-बड़ी सड़कों को जोड़ता है यह मार्ग

स्थानीय लोगों के मुताबिक, मधुकम की मुख्य सड़क विद्यानगर, हेहल, खादगढ़ा बाजार, मुक्तिधाम, कुम्हार टोली, मुड़ला पहाड़ टोली, बाजरा, बरियातू और शांतिनगर समेत कई इलाकों को जोड़ती है। इस मार्ग से लगभग 18 छोटी-बड़ी सड़कें जुड़ी हुई हैं। इसके बावजूद लंबे समय से इसकी मरम्मत नहीं हो पाई है।

स्थानीय निवासी प्रदीप वर्मा का कहना है कि सड़क की समस्या को लेकर कई बार शिकायत की गई, लेकिन अब तक स्थायी समाधान नहीं हुआ।

दशहरा के दौरान हुई मरम्मत भी नहीं आई काम

स्थानीय लोगों ने बताया कि दशहरा के समय सड़क पर पत्थर का डस्ट और गिट्टी डाली गई थी। हालांकि, करीब 15 दिनों के भीतर ही सड़क फिर से उखड़ने लगी। बारिश के दौरान जलजमाव की स्थिति बन जाती है और कई बार पानी घरों में भी प्रवेश कर जाता है। कीचड़ और सड़क पर जमा पानी के कारण पैदल चलना भी मुश्किल हो जाता है।

लोगों का कहना है कि सड़क की खराब हालत के विरोध में पहले धान की रोपनी कर प्रदर्शन भी किया जा चुका है।

छठ घाट जाने वाले श्रद्धालुओं की बढ़ी चिंता

छठ पूजा के दौरान मधुकम के लोग इसी रास्ते से तालाब और पूजा स्थलों तक पहुंचते हैं। सड़क पर गड्ढे और जलजमाव होने से श्रद्धालुओं को आवागमन में परेशानी हो सकती है। इसी को देखते हुए स्थानीय निवासियों ने छठ से पहले सड़क की मरम्मत कराने की मांग की है।

खुली नालियां और कचरे से भी लोग परेशान

इलाके में सड़क के साथ सफाई व्यवस्था की समस्या भी बनी हुई है। कई स्थानों पर नालियां खुली हैं और उन पर ढक्कन या स्लैब नहीं लगाए गए हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, नालियों से निकाला गया कचरा कई बार सड़क किनारे ही छोड़ दिया जाता है, जिससे बदबू और गंदगी फैलती है।

लोगों ने नियमित कचरा उठाव नहीं होने की शिकायत भी की है। उनका कहना है कि कई बार कचरा उठाने वाला वाहन इलाके में नहीं पहुंचता या उसके साथ सफाईकर्मी नहीं आते। ऐसी स्थिति में लोगों को खुद ही कचरा हटाना पड़ता है।

फंड की कमी बता रहीं वार्ड पार्षद

वार्ड-28 की पार्षद रेशमी चौधरी ने सड़क निर्माण में देरी के लिए नगर निगम से फंड नहीं मिलने को वजह बताया। उन्होंने कहा कि पिछले दो महीने से बोर्ड की बैठक नहीं हुई है और वार्ड की कई सड़कें जर्जर स्थिति में हैं। उनके अनुसार, फंड उपलब्ध नहीं होने के कारण सड़क निर्माण का काम आगे नहीं बढ़ पा रहा है।

अब स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि छठ पर्व से पहले नगर निगम सड़क और सफाई व्यवस्था में सुधार के लिए जरूरी कदम उठाएगा।

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