रांची: झारखंड में इन दिनों मतदाताओं के विशेष गहन पुनरीक्षण सुर्खियों में बना हुआ है. अनमैप्ड लिस्ट जारी होने के बाद जाहिर तौर पर SIR को लेकर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय तक सवालों की झड़ी लगी हुई है. इन सभी सवालों में जो कॉमन प्रश्न हैं उसका सही जवाब आम लोगों की जानकारी वास्ते मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय ने जारी किया है.
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के रवि कुमार ने इस संबंध में सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारियों को मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण से संबंधित FAQs–part(I) जारी किए हैं. इसकी एक प्रति मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के वेबसाईट https://ceo.jharkhand.gov.in/ पर भी उपलब्ध है. विभिन्न माध्यमों से पूछे गए प्रश्नों/शंकाओं को सम्मिलित करते हुए 30 FAQs के माध्यम से एसआईआर के संदर्भ में जानकारी उपलब्ध कराई गई है
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के रवि कुमार के अनुसार, इस FAQs में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण के क्रम में बीएलओ, बीएलए, मैप्ड मतदाता/अन–मैप्ड मतदाता को क्या करना है, इसकी विस्तृत जानकारी उपलब्ध है. इसके साथ मतदाता सूची की विशेष गहन पुनरीक्षण क्यों आवश्यक है, मतदाताओं को इस क्रम में किन-किन दस्तावेजों की आवश्यकता पड़ सकती है, इन्यूमरेशन फॉर्म, मतदाता सूची का प्रारूप प्रकाशन, दावा/आपत्ति एवं मतदाता सूची के अंतिम प्रकाशन के संदर्भ में भी विस्तृत रूप से जानकारी उपलब्ध कराई गई है.
उन्होंने कहा कि विभिन्न माध्यमों से लगातार सवाल आ रहे थे, इसी को ध्यान में रखते हुए पहला चरण में 30 सवालों का जवाब जारी किया गया है, जिससे आम लोगों को इसके बारे में जानकारी मिल सके.
एसआईआर को लेकर मंगलवार को होगी समीक्षा
विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर चल रही तैयारी के बीच मंगलवार को जिला स्तर के पदाधिकारियों के साथ मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी बैठक कर समीक्षा करेंगे. इस दौरान राज्य में मतदाताओं की मैपिंग की स्थिति और 30 जून से घर-घर होने वाले सर्वेक्षण को लेकर की गई तैयारी की जानकारी ली जायेगी. मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि आयोग का उद्देश्य यह है एक भी पात्र भारतीय नागरिक मतदाता सूची से छुटे नहीं, इसे लक्ष्य बनाकर कार्य किया जा रहा है.


