आजकल कई एआई चैटबॉट्स इस बात पर जोर देते हैं कि यूज़र उनसे भावनात्मक रिश्ता बनाएं, उन्हें अपना दोस्त, साथी या पार्टनर मानें. दुनियाभर के कई यूज़र्स ऐसा कर भी रहे हैं. यूज़र्स एआई चैटबॉट्स से बातचीत करते-करते उसे ही अपना पार्टनर समझने लगते हैं और फिर उससे अपने बॉयफ्रेंड या गर्लफ्रेंड की तरह ही बात करते हैं और अपने इमोशन्स को शेयर करते हैं. इस मामले में एप्पल ने बिल्कुल साफ कर दिया है कि उनका नया एआई-पावर्ड Siri किसी का पार्टनर नहीं बनेगा.
एप्पल ने हाल ही में अपने एक बड़े एनुअल इवेंट WWDC 2026 का आयोजन किया था. इस इवेंट में कंपनी ने एप्पल का नया ओएस अपडेट यानी iOS27 को पेश किया और अपने वॉयस असिस्टेंट Siri को एआई के साथ अपग्रेड करके एक नया सिरी पेश किया, जो इस बार के इवेंट की सबसे बड़ी हाइलाइट थी.
इस इवेंट के बाद एप्पल के सॉफ्टवेयर चीफ Craig Federighi ने कहा कि नए सिरी को सिर्फ काम करवाने, जानकारी देने और डिवाइस को बेहतर तरीके से इस्तेमाल करने के लिए बनाया गया है. iOS 27 में आने वाले नए Siri के साथ एप्पल की सोच बिल्कुल अलग है.
एआई बॉयफ्रेंड या एआई गर्लफ्रेंड
नए सिरी के बारे में जब फेडरिघी से पूछा गया कि क्या यूज़र सिरी को अपना एआई बॉयफ्रेंड या एआई गर्लफ्रेंड बना सकते हैं, तो उन्होंने सीधे इंकार कर दिया. उन्होंने कहा कि बहुत से एआई चैटबॉट प्लेटफॉर्म यूजर से निजी बातें शेयर करवाते हैं और भावनात्मक जुड़ाव बनाने पर ध्यान देते हैं, लेकिन एप्पल की नियत इससे अलग है.
सॉफ्टवेयर चीफ का कहना है कि Siri का मकसद ये है कि वो कहे, मैं यहां आपकी मदद के लिए हूं, आपके काम पूरे करवाने के लिए हूं और दुनिया के बारे में जानकारी देने के लिए हूं.
उन्होंने यह भी कहा कि अगर कोई सिरी से रोमांटिक तरीके से बात करने की कोशिश करता है तो सिरी उसके लिए तैयार ही नहीं है. यह सिरी का स्वभाव ही नहीं है. एप्पल की ओर से ऐसा बयान एक ऐसे वक्त में आया है जब कई कंपनियां एआई कंपेनियन ऐप्स बना रही है और यूजर एंगेजमेंट बढ़ाने के लिए भावनात्मक कनेक्शन का सहारा ले रही हैं.
प्राइवेसी पर जोर दे रहा एप्पल
एप्पल के मार्केट Greg Joswiak ने भी इस बातचीत में अपनी राय रखी है. उन्होंने कहा कि एप्पल एआई को सिर्फ एआई के लिए नहीं बनाता. कंपनी चाहती है कि एआई की ताकत उसके प्रोडक्ट्स और फीचर को बेहतर बनाए, न कि यूज़र को प्रॉम्प्ट एक्सपर्ट बनने के लिए मजबूर करे. उनका मानना है कि एआई को इस तरह काम करना चाहिए कि उसकी मौजूदगी का एहसास भी न हो और काम भी आसान हो जाए.
प्राइवेसी के बारे में भी Federighi ने क्लियर किया कि यूजर का डेटा उनके डिवाइस पर ही रहता है और Siri उसी डेटा का इस्तेमाल करके लोकल लेवल पर मदद करता है. वो जानकारी एप्पल तक नहीं पहुंचती, जो डिवाइस पर सेव है.


