पटना: बिहार में फिलहाल मानसून की सक्रियता कमजोर बनी हुई है, जिसके कारण अधिकांश जिलों में अगले दो दिनों तक गर्मी और उमस से राहत मिलने की संभावना कम है। हालांकि, मौसम विभाग ने संकेत दिए हैं कि 1 अगस्त से मौसम का मिजाज बदल सकता है, जिससे राज्य के कई हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने की उम्मीद है।
मौसम विज्ञान केंद्र, पटना के अनुसार, अगले 24 घंटों के दौरान उत्तर बिहार के करीब 12 जिलों में मेघ गर्जन, वज्रपात और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। ऐसे में लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
इन जिलों में बारिश का अलर्ट
पूर्वानुमान के मुताबिक गोपालगंज, सिवान, सारण, सुपौल, सहरसा, मधेपुरा, अररिया, किशनगंज, कटिहार, पूर्वी चंपारण और पश्चिमी चंपारण समेत उत्तर बिहार के कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ गरज-चमक की स्थिति बन सकती है। वहीं, पटना सहित दक्षिण और मध्य बिहार के कुछ इलाकों में छिटपुट बारिश होने के बावजूद उमस बनी रह सकती है।
1 अगस्त से बढ़ सकती है बारिश
मौसम विभाग का कहना है कि फिलहाल मानसून की ट्रफ रेखा श्रीगंगानगर, ग्वालियर, मध्य छत्तीसगढ़, ओडिशा होते हुए पुरी तक फैली हुई है। इसी वजह से बिहार में वर्षा की गतिविधियां कमजोर पड़ी हैं। लेकिन 1 अगस्त से मानसूनी परिस्थितियों में बदलाव आने की संभावना है, जिससे राज्य के कई हिस्सों में अच्छी बारिश हो सकती है।
रोहतास में दर्ज हुई सबसे अधिक वर्षा
बीते 24 घंटों के दौरान रोहतास जिले के तिलौथू में लगभग 40.8 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई, जो राज्य में सबसे अधिक रही। इसके अलावा पश्चिम चंपारण के त्रिवेणी और वाल्मीकि नगर में करीब 40 मिमी, औरंगाबाद के दाउदनगर में 28.2 मिमी, नवादा के रजौली में 26.2 मिमी तथा नालंदा, भभुआ, वैशाली, भोजपुर, कटिहार, जहानाबाद और अन्य क्षेत्रों में भी हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई।
तापमान में हल्का उतार-चढ़ाव
बुधवार को पटना समेत राज्य के कई जिलों के अधिकतम तापमान में मामूली गिरावट देखी गई। राजधानी पटना का अधिकतम तापमान 34.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि सुपौल में लगभग 35.2 डिग्री सेल्सियस के साथ राज्य का सबसे अधिक अधिकतम तापमान रिकॉर्ड किया गया।
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि गरज-चमक और वज्रपात की संभावना को देखते हुए खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों, पेड़ों और बिजली के खंभों के पास खड़े होने से बचें तथा जारी मौसम संबंधी सलाह का पालन करें।
