बिहार में पुराने वाहनों को स्क्रैप कराने की प्रक्रिया जल्द और आसान होने वाली है. राज्य सरकार ने वाहन स्क्रैपिंग नियमों में संशोधन को मंजूरी दे दी है. अब पुराने वाहन स्क्रैप कर नए वाहन खरीदने पर वाहन मालिकों को मोटर वाहन कर में छूट का लाभ भी मिलेगा.
बिहार में पुराने और प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों को हटाने की प्रक्रिया अब और आसान होने जा रही है. राज्य सरकार ने वाहन स्क्रैपिंग से जुड़े नियमों में बदलाव को मंजूरी दे दी है. इसके बाद परिवहन विभाग जल्द नया नोटिफिकेशन जारी करेगा. सरकार का कहना है कि इससे वाहन मालिकों को सीधे फायदा मिलेगा और पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा.
नई गाड़ी खरीदने पर मिलेगा टैक्स में लाभ
परिवहन विभाग के अनुसार, जो वाहन मालिक अपने पुराने वाहन को अधिकृत स्क्रैपिंग सेंटर में जमा करेंगे, उन्हें ‘सर्टिफिकेट ऑफ डिपॉजिट’ दिया जाएगा. इस प्रमाण पत्र के आधार पर नया वाहन खरीदने पर मोटर वाहन कर में छूट मिलेगी. इसका फायदा उठाकर लोग पुराने वाहनों की जगह नई, सुरक्षित और कम प्रदूषण फैलाने वाली गाड़ियां खरीद सकेंगे.
प्राइवेट वाहनों पर 25%, कुछ मामलों में 50% तक छूट
वर्तमान नियमों के तहत गैर-परिवहन यानी निजी वाहनों पर 25 प्रतिशत तक मोटर वाहन कर में छूट मिलती है. वहीं परिवहन वाहनों पर 15 प्रतिशत तक छूट का प्रावधान है. इसके अलावा भारत स्टेज-1 और भारत स्टेज-2 मानकों के तहत बने कुछ मध्यम और भारी वाहनों को स्क्रैप कराने पर 50 प्रतिशत तक कर छूट का लाभ मिल सकता है.
अधिकृत स्क्रैपिंग सेंटर से करानी होगी प्रक्रिया
सरकार ने स्पष्ट किया है कि निजी वाहनों की स्क्रैपिंग केवल पंजीकृत वाहन स्क्रैपिंग सुविधा (आरवीएसएफ) के माध्यम से ही करानी होगी. इससे पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और सुरक्षित बनी रहेगी.
प्रदूषण कम होगा, सड़क सुरक्षा बढ़ेगी
परिवहन विभाग का मानना है कि पुराने वाहनों को हटाने से वायु प्रदूषण में कमी आएगी. साथ ही ईंधन की बचत होगी और सड़क सुरक्षा भी बेहतर होगी. विभाग के सचिव राजकुमार ने कहा कि वैज्ञानिक तरीके से वाहन स्क्रैपिंग होने से पर्यावरण पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभाव कम होंगे. साथ ही वाहन मालिकों को भी पहले की तुलना में अधिक लाभ मिलेगा.
हरित परिवहन व्यवस्था की ओर बड़ा कदम
राज्य सरकार का कहना है कि यह फैसला स्वच्छ और आधुनिक परिवहन व्यवस्था बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है. इससे पर्यावरण संरक्षण को मजबूती मिलेगी और लोगों को सुरक्षित वाहनों के उपयोग के लिए प्रोत्साहन मिलेगा


