पटना। सालाना 10 लाख रुपये या उससे अधिक आयकर रिटर्न (आईटीआर) भरने वाले उपभोक्ताओं को अब रसोई गैस पर मिलने वाली सब्सिडी छोड़ने के लिए तेल कंपनियों की ओर से लगातार संदेश भेजे जा रहे हैं।
राजधानी समेत राज्य के कई उपभोक्ताओं के मोबाइल पर यह मैसेज पहुंच रहा है, इसमें आर्थिक रूप से सक्षम उपभोक्ताओं से एलपीजी अनुदान छोड़ने की अपील की जा रही है।
तेल कंपनियों का कहना है कि सरकार की मंशा जरूरतमंद परिवारों तक ही रसोई गैस अनुदान का लाभ पहुंचाने की है। ऐसे में जिन उपभोक्ताओं की आय अधिक है या जो 10 लाख रुपये से अधिक का आईटीआर दाखिल करते हैं, उनसे स्वेच्छा से सब्सिडी छोड़ने का अनुरोध किया जा रहा है।
गैस एजेंसी संचालकों के अनुसार, कई उपभोक्ता एजेंसियों से संपर्क कर यह जानकारी ले रहे हैं कि उन्हें यह संदेश क्यों मिला है और सब्सिडी छोड़ने की प्रक्रिया क्या होगी।
तेल कंपनियों का ‘गिव इट अप’ अभियान
एजेंसियों की ओर से उपभोक्ताओं को ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से “गिव इट अप” अभियान की जानकारी दी जा रही है।
बता दें कि केंद्र सरकार पहले भी आर्थिक रूप से सक्षम उपभोक्ताओं से एलपीजी सब्सिडी छोड़ने की अपील कर चुकी है। इससे बचाई गई राशि का उपयोग जरूरतमंद परिवारों को उज्ज्वला योजना सहित अन्य योजनाओं के माध्यम से लाभ पहुंचाने में किया जाता रहा है।


