इस बार रेलवे ने दो हजार टन लीची ढोने का लक्ष्य रखा है. इस योजना से किसानों को देशव्यापी बड़े बाजारों तक सीधी पहुंच मिलेगी, जिससे उन्हें अपनी उपज का बेहतर दाम मिल सकेगा. वहीं, शहरों के उपभोक्ता भी ताजी और उच्च गुणवत्ता वाली लीची का स्वाद ले सकेंगे.
बिहार की रसभरी और विश्व प्रसिद्ध मुजफ्फरपुर की लीची अब देश के कोने-कोने में अपनी मिठास बिखेरेंगी. सोनपुर मंडल ने एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए लीची को तेजी से देश के प्रमुख महानगरों तक पहुंचाने के लिए विशेष परिवहन योजना शुरू की है.
आसानी से पहुंचेगा
पवन एक्सप्रेस के साथ अब छह और मेल/एक्सप्रेस ट्रेनों में 24 टन क्षमता वाले पार्सल वैन लगाये गये हैं, जो विशेष रूप से लीची की ढुलाई करेंगे. इस कदम से मुजफ्फरपुर, समस्तीपुर और आसपास के इलाकों से लीची को मुंबई, दिल्ली और अहमदाबाद जैसे बड़े बाजारों तक आसानी से और सुरक्षित रूप से पहुंचाया जा सकेगा. पिछले साल मौसम की मार और कम पैदावार के चलते केवल 689 टन लीची ही भेजी जा सकी थी.
अब तक पवन एक्सप्रेस से ही लीची की होती रही है ढुलाई
पहले लीची परिवहन केवल पवन एक्सप्रेस (ट्रेन संख्या 11062) के जरिये होता था. अब छह अतिरिक्त ट्रेनों में पार्सल वैन लगने से लीची परिवहन की क्षमता छह गुना बढ़ गयी है. रेलवे द्वारा जारी विवरण के अनुसार, विभिन्न ट्रेनें हर सप्ताह 24 टन लीची लेकर रवाना होंगी, जिससे कुल साप्ताहिक परिवहन क्षमता 576 टन हो जायेगी. वहीं, पवन एक्सप्रेस अकेले 31 दिनों तक प्रतिदिन 24 टन लीची मुंबई पहुंचायेगी, जिससे वह इस अवधि में कुल 744 टन लीची का परिवहन करेगी. इस तरह, इस वर्ष कुल 2,100 टन लीची देश के विभिन्न हिस्सों में भेजने का लक्ष्य है.
जंक्शन पर बना है लिच्छवी पार्सल कार्यालय
मुजफ्फरपुर में लीची व्यापारियों की सुविधा के लिए एक विशेष ‘लिच्छवी पार्सल कार्यालय’ बनाया गया है. इसके अलावा, फलों को धूप से बचाने के लिए शेड, किसानों और व्यापारियों के लिए आश्रय, पीने के पानी की व्यवस्था, यूपीआई भुगतान तक की सुविधा और लोडिंग-पैकिंग के लिए पर्याप्त जगह उपलब्ध करायी गयी है. रेलवे ने पार्सल कार्ट और वाहनों के लिए विशेष परमिट जारी किये हैं और लीची पार्सल के स्कैनिंग शुल्क में भी छूट दी है. किसी भी समस्या के समाधान के लिए मुजफ्फरपुर और मंडल स्तर पर 24 गुना 7 सहायता डेस्क भी स्थापित किये गये हैं, जिसका हेल्पलाइन नंबर 9771429999 है.
पवन एक्सप्रेस अकेले ढोयेगी 744 टन
ट्रेन संख्या 11062 (पवन एक्सप्रेस) प्रतिदिन 24 टन लीची मुंबई ले जायेगी. यह सेवा 31 दिनों तक जारी रहेगी. इसमें से 10 दिन लूज पार्सल बुकिंग और शेष लीज बुकिंग के माध्यम से होगी. पवन एक्सप्रेस अकेले 744 टन लीची का परिवहन करेगी.
ट्रेन-वार साप्ताहिक लीची लोडिंग विवरण:
- ट्रेन संख्या 15267 (रक्सौल–लोकमान्य तिलक टर्मिनस) – प्रत्येक शनिवार, 24 टन/सप्ताह, कुल: 96 टन
- ट्रेन संख्या 22553 (रक्सौल–एलटीटी अंत्योदय एसएफ एक्सप्रेस) – प्रत्येक सोमवार, 24 टन/सप्ताह, कुल: 96 टन
- ट्रेन संख्या 05557 (रक्सौल–लोकमान्य तिलक टर्मिनस) – प्रत्येक मंगलवार, 24 टन/सप्ताह, कुल: 96 टन
- ट्रेन संख्या 05585 (रक्सौल–लोकमान्य तिलक टर्मिनस) – प्रत्येक शुक्रवार, 24 टन/सप्ताह, कुल: 96 टन
- ट्रेन संख्या 01044 (समस्तीपुर–लोकमान्य तिलक टर्मिनस) – प्रत्येक बुधवार, 24 टन/सप्ताह, कुल: 96 टन
- ट्रेन संख्या 05289 (मुजफ्फरपुर–पुणे) – प्रत्येक सोमवार, 24 टन/सप्ताह, कुल: 96 टन


