Monday, November 2, 2026

Bihar Pensioners: पेंशनभोगियों के लिए 30 नवंबर तक चलेगा महा-अभियान, घर बैठे बनेगा डिजिटल लाइफ सर्टिफिकेट

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पटना | 2 नवंबर 2026 | Bharat Superfast News

बिहार के लाखों पेंशनभोगियों के लिए राहत भरी खबर है। अब जीवन प्रमाणपत्र (Life Certificate) जमा करने के लिए हर बार बैंक या सरकारी कार्यालय जाने की परेशानी नहीं उठानी पड़ेगी। केंद्र सरकार की ओर से 1 से 30 नवंबर 2026 तक पांचवां राष्ट्रव्यापी डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत बिहार के सभी जिलों और शहरों में विशेष शिविर लगाए जाएंगे।

इस अभियान का उद्देश्य बुजुर्गों, दिव्यांगों और चलने-फिरने में असमर्थ पेंशनभोगियों को डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र बनवाने की सुविधा देना है। जरूरत पड़ने पर ऐसे पेंशनभोगियों के घर जाकर भी प्रमाणपत्र तैयार करने की व्यवस्था की जाएगी।

1 से 30 नवंबर तक चलेगा डिजिटल अभियान

डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र अभियान पूरे नवंबर महीने में संचालित होगा। इसके तहत बिहार के विभिन्न जिलों में विशेष शिविर लगाए जाएंगे, जहां पेंशनभोगियों को प्रमाणपत्र बनवाने में सहायता मिलेगी।

इस पहल से खासकर ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले बुजुर्गों को फायदा होने की उम्मीद है। उम्र या स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों के कारण बैंक और सरकारी कार्यालय तक पहुंचने में असमर्थ लोगों को अब घर पर ही सुविधा उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाएगा।

मोबाइल से फेस ऑथेंटिकेशन के जरिए बनेगा लाइफ सर्टिफिकेट

पेंशनभोगी एंड्रॉयड और आईओएस स्मार्टफोन की मदद से भी डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र बनवा सकेंगे। इसके लिए फेस ऑथेंटिकेशन यानी चेहरे की पहचान तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा।

इस प्रक्रिया में मोबाइल कैमरे के माध्यम से पेंशनभोगी के चेहरे की पहचान की जाएगी। पहचान सत्यापित होने के बाद डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र तैयार किया जा सकेगा। इससे प्रमाणपत्र जमा करने की प्रक्रिया पहले की तुलना में आसान हो सकती है।

बुजुर्गों और दिव्यांग पेंशनभोगियों को मिलेगी विशेष सुविधा

इस अभियान में उन पेंशनभोगियों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा, जिन्हें शारीरिक परेशानी, अधिक उम्र या दिव्यांगता के कारण घर से बाहर निकलने में दिक्कत होती है।

ऐसे लोगों को घर पर ही डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र बनवाने की सुविधा देने की तैयारी है। इससे उन्हें बैंक या संबंधित सरकारी कार्यालय तक जाने की जरूरत कम पड़ेगी।

बिहार के सभी जिलों में लगाए जाएंगे विशेष शिविर

पेंशन और पेंशनभोगी कल्याण विभाग की ओर से बिहार के सभी जिलों और शहरों में शिविर आयोजित करने की तैयारी की जा रही है। इन शिविरों में पेंशनभोगियों को डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र तैयार कराने में मदद दी जाएगी।

अभियान के जरिए अधिक से अधिक पेंशनभोगियों तक डिजिटल सुविधा पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए संबंधित विभागों और सेवाओं के माध्यम से सहायता उपलब्ध कराने की योजना है।

पेंशन जारी रखने के लिए क्यों जरूरी है जीवन प्रमाणपत्र?

जीवन प्रमाणपत्र पेंशनभोगी के जीवित होने की पुष्टि करने वाला जरूरी दस्तावेज है। पेंशन जारी रखने के लिए इसे निर्धारित समय पर जमा करना होता है।

हर साल प्रमाणपत्र जमा करने की प्रक्रिया में बुजुर्गों को कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ता है। डिजिटल जीवन प्रमाणपत्र, मोबाइल फेस ऑथेंटिकेशन और घर पर सेवा जैसी सुविधाओं से इस प्रक्रिया को सरल बनाने में मदद मिल सकती है।

पेंशनभोगी समय रहते पूरी करें प्रक्रिया

बिहार के पेंशनभोगियों को सलाह दी जाती है कि वे नवंबर महीने में आयोजित होने वाले शिविरों और उपलब्ध डिजिटल सुविधाओं का लाभ उठाएं। अपने जिले में शिविर की तारीख और स्थान की जानकारी संबंधित बैंक, पेंशन कार्यालय या विभागीय सूचना से प्राप्त करें।

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