वॉशिंगटन, 9 अक्टूबर 2026: अमेरिका में H-1B वीजा को लेकर जारी विवाद के बीच माइक्रोसॉफ्ट ने अपने आवेदन से जुड़ी स्थिति स्पष्ट की है। कंपनी के मुताबिक, पिछले वित्तीय वर्ष में दाखिल किए गए करीब 6,000 H-1B आवेदनों में से लगभग 80 प्रतिशत मौजूदा कर्मचारियों के वीजा विस्तार या उनके इमिग्रेशन स्टेटस में बदलाव के लिए थे। कंपनी का कहना है कि इन आवेदनों का उद्देश्य विदेश से नए कर्मचारियों को अमेरिका लाना नहीं था।
यह बयान ऐसे समय आया है, जब अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने कंपनी पर वीजा व्यवस्था के दुरुपयोग का आरोप लगाया था। खबर के मुताबिक, अमेरिकी प्रशासन ने माइक्रोसॉफ्ट को विदेशी कर्मचारियों के ग्रीन कार्ड से संबंधित परमानेंट लेबर सर्टिफिकेशन (PERM) कार्यक्रम से निलंबित भी किया है।
अमेरिकी कर्मचारियों की प्रतिभा पर भरोसा: माइक्रोसॉफ्ट
माइक्रोसॉफ्ट ने कहा कि कंपनी अमेरिकी कर्मचारियों की प्रतिभा और क्षमता पर भरोसा करती है। कंपनी के अनुसार, अमेरिका में उसके अधिकांश कर्मचारी अमेरिकी नागरिक हैं और वह इस मामले में प्रशासन को अतिरिक्त जानकारी उपलब्ध कराने के लिए तैयार है।
कंपनी ने यह भी कहा कि नए कर्मचारियों से जुड़े शेष आवेदन ऐसे लोगों के लिए थे, जो पहले से कानूनी रूप से अमेरिका में रह रहे थे और माइक्रोसॉफ्ट में नौकरी करने का निर्णय ले चुके थे। कंपनी के दावे के मुताबिक, ये लोग नए सिरे से अमेरिका आने वाले कर्मचारी नहीं थे और अमेरिकी वर्कफोर्स में उनकी हिस्सेदारी लगभग एक प्रतिशत थी।
वेतन को लेकर भी कंपनी ने रखी अपनी बात
H-1B कर्मचारियों के वेतन पर सफाई देते हुए माइक्रोसॉफ्ट ने कहा कि वह केवल उन्हीं उम्मीदवारों के लिए याचिका दाखिल करती है, जो इस वीजा श्रेणी की निर्धारित शर्तें पूरी करते हैं।
कंपनी का दावा है कि उसके H-1B कर्मचारियों को समान काम करने वाले दूसरे कर्मचारियों के बराबर वेतन दिया जाता है। माइक्रोसॉफ्ट ने यह भी कहा कि टेक्नोलॉजी क्षेत्र में उसके वेतन प्रतिस्पर्धी और ऊंचे स्तर पर हैं।
क्या है H-1B वीजा और PERM कार्यक्रम?
H-1B वीजा अमेरिका में विशेष कौशल और उच्च शैक्षणिक योग्यता वाले पेशेवरों को कुछ निर्धारित शर्तों के तहत काम करने की अनुमति देता है। तकनीकी कंपनियां इस वीजा का इस्तेमाल योग्य विदेशी पेशेवरों को नियुक्त करने के लिए करती हैं।
वहीं, PERM यानी Permanent Labor Certification अमेरिकी ग्रीन कार्ड प्रक्रिया का एक महत्वपूर्ण चरण है। इसके तहत नियोक्ता को आम तौर पर यह साबित करना होता है कि संबंधित पद पर विदेशी कर्मचारी की नियुक्ति से जुड़े श्रम बाजार के निर्धारित मानदंड पूरे किए गए हैं। PERM प्रक्रिया और ग्रीन कार्ड की अंतिम मंजूरी अलग-अलग चरण हैं।
वीजा नीति पर बहस के बीच माइक्रोसॉफ्ट का रुख
माइक्रोसॉफ्ट ने कहा कि वह अमेरिकी प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के साथ-साथ दुनिया भर से योग्य पेशेवरों को आकर्षित करने की नीति जारी रखना चाहती है।
कंपनी के बयान और अमेरिकी प्रशासन की कार्रवाई के बीच यह मामला विदेशी कर्मचारियों की नियुक्ति, अमेरिकी रोजगार और ग्रीन कार्ड प्रक्रिया से जुड़े नियमों पर चल रही बहस को फिर सामने लाता है। हालांकि, कंपनी की ओर से दिए गए आंकड़ों और प्रशासन की कार्रवाई के पूरे आधार का आकलन करने के लिए आधिकारिक दस्तावेजों की जानकारी भी महत्वपूर्ण होगी।
BHARATSUPERFASTNEWS
