तोरपा: अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का प्रतिनिधित्व कर चुकी झारखंड की हॉकी खिलाड़ी विनीमा धान ने अपने घर में शौचालय नहीं होने की समस्या विधायक के सामने रखी है। जूनियर एशिया कप में भारतीय महिला हॉकी टीम के साथ स्वर्ण पदक जीत चुकी विनीमा ने तोरपा विधायक सुदीप गुड़िया से अपने घर में शौचालय बनवाने की मांग की।
शुक्रवार को विधायक के आवासीय कार्यालय में स्थानीय खिलाड़ियों के सम्मान में कार्यक्रम आयोजित किया गया था। इसी दौरान विनीमा धान के अलावा हॉकी खिलाड़ी रोशनी आईंद और अंडर-18 सब-जूनियर एशिया कप में भारतीय टीम का हिस्सा रहीं नीलम तोपनो ने भी अपनी व्यक्तिगत समस्याएं विधायक के सामने रखीं।
विनीमा ने बतायी घर की समस्या
विनीमा धान कर्रा प्रखंड के जरियागढ़ स्थित बांभन टोली की रहने वाली हैं। सम्मान समारोह के दौरान उन्होंने बताया कि उनके घर में अब तक शौचालय की सुविधा उपलब्ध नहीं है।
खिलाड़ी की समस्या सुनने के बाद विधायक ने संबंधित विभाग से आवश्यक कार्रवाई कराने का आश्वासन दिया। विधायक की ओर से जल्द शौचालय निर्माण की दिशा में पहल करने की बात कही गयी है।
ODF घोषित होने के बाद भी सामने आया मामला
विनीमा के घर में शौचालय नहीं होने की जानकारी सामने आने के बाद सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। झारखंड के विभिन्न क्षेत्रों को वर्ष 2018 में खुले में शौच से मुक्त यानी ODF घोषित किया गया था।
ऐसे में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक जीत चुकी खिलाड़ी के परिवार को अभी भी शौचालय की सुविधा नहीं मिलना यह सवाल खड़ा करता है कि सरकारी योजनाओं का लाभ हर परिवार तक वास्तव में पहुंचा या नहीं।
रोशनी आईंद के परिवार ने आवास की समस्या बतायी
कार्यक्रम में मौजूद दूसरी हॉकी खिलाड़ी रोशनी आईंद के माता-पिता ने भी विधायक के सामने अपनी परेशानी रखी। उन्होंने बताया कि उनका परिवार तोरपा प्रखंड के उयूर गुड़िया गांव में रहता है और आवास की समस्या का सामना कर रहा है।
विधायक के समक्ष उन्होंने परिवार के लिए आवास की सुविधा उपलब्ध कराने की मांग रखी।
नीलम तोपनो के सामने सड़क और मकान की परेशानी
अंडर-18 सब-जूनियर एशिया कप में भारतीय टीम को कांस्य पदक दिलाने वाली नीलम तोपनो ने भी अपनी समस्याओं से विधायक को अवगत कराया। उनके परिवार को आवास के साथ-साथ सड़क की समस्या का भी सामना करना पड़ रहा है।
कार्यक्रम में खिलाड़ियों की उपलब्धियों के साथ उनकी बुनियादी जरूरतों का मुद्दा भी सामने आया।
अधिकारी ने बतायी शौचालय योजना की व्यवस्था
पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के कार्यपालक अभियंता मनीष कुमार के अनुसार, जिन परिवारों के घर में शौचालय नहीं है, वे अपने स्तर से इसका निर्माण करा सकते हैं। विभागीय प्रावधान के तहत पात्र लाभुक को शौचालय निर्माण के बाद 12 हजार रुपये की सहायता राशि दिए जाने की व्यवस्था बतायी गयी है।
अधिकारी के मुताबिक, लाभुकों की सहायता के लिए प्रखंड स्तर पर को-ऑर्डिनेटर भी नियुक्त किए गए हैं।
अब देखना होगा कि विनीमा धान के परिवार की शिकायत पर स्थानीय प्रशासन और संबंधित विभाग की ओर से कितनी जल्दी कार्रवाई होती है।
