Ranchi News: दक्षिणी छोटानागपुर प्रमंडल के राजभाषा कार्यालय में सोमवार को हिंदी दिवस के अवसर पर विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री ने की। समारोह में कवियों, साहित्यकारों और बुद्धिजीवियों ने हिस्सा लिया।
कश्मीर से कन्याकुमारी तक जोड़ती है हिंदी
उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री ने कहा कि हिंदी देश के अलग-अलग हिस्सों को आपस में जोड़ने वाली महत्वपूर्ण भाषा है। कश्मीर से कन्याकुमारी और गुजरात से अरुणाचल प्रदेश तक हिंदी लोगों के बीच संवाद और भावनात्मक जुड़ाव का माध्यम बनती है।
उन्होंने कहा कि हिंदी को केवल बातचीत या साहित्य की भाषा के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए। यह देश की एकता, अखंडता और सामाजिक जुड़ाव की अभिव्यक्ति भी है।
कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों के स्वागत और माल्यार्पण से हुई। उपायुक्त ने दीप प्रज्वलित कर समारोह का उद्घाटन किया। कार्यक्रम का संचालन राजभाषा के उप निदेशक रविशंकर मिश्रा ने किया।
मातृभाषा में पढ़ाई से विकसित होती है वैज्ञानिक सोच
डीसी ने कहा कि बच्चों और किशोरों को मातृभाषा में पढ़ने-समझने का अवसर मिलने से उनकी मौलिक और वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा मिल सकता है। उन्होंने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के बढ़ते दौर में भाषा की समृद्धि और स्वतंत्र चिंतन को बनाए रखना जरूरी है।
उन्होंने हिंदी को साहित्य और सामान्य संवाद तक सीमित रखने के बजाय विज्ञान, शोध, तकनीक, नवाचार और रोजगार जैसे क्षेत्रों से जोड़ने पर जोर दिया। साथ ही अधिकारियों और कर्मचारियों से सरकारी कामकाज में हिंदी के अधिक इस्तेमाल की अपील की।
कवि सम्मेलन में 10 रचनाकारों ने दी प्रस्तुति
हिंदी दिवस समारोह के बाद कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया। इसमें 10 कवियों ने अपनी रचनाओं का पाठ किया। डॉ. जंगबहादुर पांडेय, डॉ. राजश्री जयंती, डॉ. सुरिंदर कौर नीलम, नसीर अफसर, नरेश कुमार बंका, शालिनी नायक, सदानंद सिंह यादव, सूरज श्रीवास्तव, डॉ. रजनी शर्मा ‘चन्दा’ और डॉ. विनोद सिंह गहरवार ने अपनी रचनाएं प्रस्तुत कीं।
कवियों की प्रस्तुतियों ने समारोह को साहित्यिक रंग दिया और उपस्थित लोगों ने कार्यक्रम का आनंद लिया।
अधिकारियों और कर्मचारियों ने लिया हिस्सा
समारोह के अंत में दक्षिणी छोटानागपुर प्रमंडल के आयुक्त के सचिव रविंद्र कुमार गगराई ने धन्यवाद ज्ञापन किया।
कार्यक्रम में SDO सदर कुमार रजत, अपर जिला दंडाधिकारी (विधि-व्यवस्था) धनंजय, अपर समाहर्ता रामनारायण सिंह, उप परिवहन आयुक्त अजय कुमार रजक, उप निर्वाचन पदाधिकारी बिवेक सुमन समेत आयुक्त कार्यालय के कई अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
