Sunday, July 12, 2026

बिहार में शिक्षा माफिया बच्चा राय की मुश्किलें और बढ़ीं, ED ने फिर उठाया बड़ा कदम

Share

प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शिक्षा माफिया अमित कुमार उर्फ बच्चा राय और अन्य के खिलाफ धन शोधन मामले में पूरक आरोप पत्र दाखिल किया है। ईडी ने न्यायालय से बच्चा राय और ट्रस्ट के सदस्यों को दोषी ठहराने की अनुमति मांगी है। छापेमारी में 2.78 करोड़ रुपये नकद बरामद हुए थे। आरोप है कि बच्चा राय ने अवैध रूप से धन की हेराफेरी की और बिना कक्षाएं चलाए डिग्रियां बांटी।

पटना। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शिक्षा माफिया अमित कुमार उर्फ बच्चा राय, विशुन राय मेमोरियल एजुकेशनल एंड वेलफेयर ट्रस्ट तथा अन्य के खिलाफ विशेष न्यायालय में पूरक चार्जशीट फाइल की है।

ईडी ने कोर्ट से मांग की है कि बच्चा राय और अन्य से संबंधित मनी लॉन्डरिंग मामले में शामिल उनके ट्रस्ट के साथ ही विशुन राजदेव शिक्षक प्रशिक्षण महाविद्यालय के सचिव सैयद माहताब आलम और ट्रस्टी अमित कुमार उर्फ बच्चा राय को दोषी ठहराने की अनुमति दी जाए।बच्चा राय अचानक तब सुर्खियों में आ गया था, जब नौ दिसंबर को प्रवर्तन निदेशालय ने उसके खिलाफ मनी लॉन्डरिंग का मामला दर्ज करते हुए वैशाली स्थित उसके चार ठिकानों पर एकसाथ छापेमारी की थी।

बरामद हुए थे नकद 2.78 करोड़ रुपये

ईडी ने अपनी इस कार्रवाई के दौरान बच्चा राय से जुड़े परिसरों से 2.78 करोड़ रुपये की नकदी बरामद की थी। निदेशालय ने बाद में इन संपत्तियों को जब्त करते हुए इसकी जानकारी पुलिस के साथ साझा की थी।ईडी की पुष्टि के बाद वैशाली पुलिस ने धोखाधड़ी, जालसाजी और आपराधिक साजिशों के आरोप में बीएनएस 2023 की विभिन्न धाराओं के तहत अमित कुमार उर्फ बच्चा राय के खिलाफ पुलिस थाना, भगवानपुर ने एक नई प्राथमिकी 88/2025 दर्ज की।

प्राथमिकी में आरोप लगाया गया कि बच्चा राय और वीआरटीटी कालेज के अधिकारियों-कर्मचारियों ने मिलीभगत से आपराधिक साजिश कर अवैध रूप से धन की हेराफेरी की, जो कि एक संज्ञेय अपराध है।यहां बता दें कि ईडी ने पुख्ता सबूत मिलने के बाद बच्चा राय के खिलाफ मामला दर्ज करते हुए अपनी कार्रवाई को अंजाम दिया था।जांच में यह बात सामने आई थी कि विशुन राजदेव शिक्षक प्रशिक्षण महाविद्यालय के माध्यम से वैध शिक्षा प्रदान करने की आड़ में बिना कक्षा संचालन बीएड, एमएड और डीआइएस की डिग्री प्रदान की जा रही है।इसके एवज में नियमित कालेज फीस से कहीं ज्यादा राशि वसूली जाती है। जांच में यह बात भी सामने आई कि संबंधित प्रशिक्षण महाविद्यालय द्वारा 9.34 करोड़ रुपये की राशि एकत्र की गई है। इस मामले में जांच अभी जारी है।

Table of contents [hide]

Read more

Local News