पटना: कोलकाता के साल्ट लेक सिटी स्थित साई स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में 17 से 21 नवंबर 2025 तक आयोजित ‘स्पेशल ओलंपिक्स भारत- स्पेशल ओलंपिक्स भारत- नेशनल फुटबॉल चैंपियनशिप 2025 में बिहार ने रजत पदक जीता है. में बिहार ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए रजत पदक अपने नाम किया है. बिहार की टीम ने पूरे टूर्नामेंट में अनुशासन, टीमवर्क और उच्चस्तरीय खेल कौशल का ऐसा परिचय दिया जिसने सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा.
टीम में एफर्ट का है परिणाम: बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक सह मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री रवीन्द्रण शंकरण ने बताया कि खिलाड़ियों की मेहनत, तालमेल और समर्पण ने बिहार को यह बड़ी सफलता दिलाई है. उन्होंने कहा कि बिहार के खिलाड़ियों द्वारा जीता गया यह रजत पदक राज्य के लिए गौरव का क्षण है और यह उपलब्धि अन्य खिलाड़ियों का उत्साह और आत्मविश्वास बढ़ाने में भी अहम भूमिका निभाएगी.

20 राज्यों और 300 से अधिक खिलाड़ियों ने लिया हिस्सा: इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता में देशभर के 20 राज्यों से 300 से अधिक खिलाड़ियों ने भाग लिया. बिहार की ओर से कुल 10 सदस्यीय दल इस चैंपियनशिप में उतरा था, जिसमें 3 प्रशिक्षक और 7 खिलाड़ी शामिल थे. टीम के बेहतर प्रदर्शन ने प्रतियोगिता में बिहार की छाप छोड़ दी और उन्हें फाइनल तक पहुंचाया.
शानदार तालमेल: बिहार की टीम में शामिल खिलाड़ियों में धीरज कुमार (कैप्टन), संतु कुमार, शेखर कुमार, सौम्या, मयंक कुमार, भास्कर तेजस्वी और तेजस किशोर महत्वपूर्ण सदस्य रहे. वहीं कोचिंग स्टाफ में अजीत कुमार, गौरव कुमार और कुंदन कुमार पांडे की रणनीति और मार्गदर्शन ने खिलाड़ियों को मजबूत आधार दिया. सभी खिलाड़ियों ने पूरे टूर्नामेंट के दौरान शानदार तालमेल और ऊर्जा का प्रदर्शन किया.
वर्ल्ड समर गेम्स 2027 के लिए क्वालिफायर प्रतियोगिता: रवीन्द्रण शंकरण ने बताया कि यह चैंपियनशिप सिर्फ एक राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता ही नहीं बल्कि साल 2027 में चिली में होने वाले वर्ल्ड समर गेम्स के लिए एक अहम क्वालिफायर भी है. इस कारण खिलाड़ियों का उत्साह दोगुना था और सभी टीमें अपनी श्रेष्ठता साबित करने में जुटी थीं. बिहार का रजत पदक जीतना यह दर्शाता है कि राज्य के खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी दमदार प्रदर्शन कर सकते हैं.
संदीप कुमार फुटबॉल सिलेक्शन कमेटी के सदस्य: स्पेशल ओलंपिक्स भारत के सचिव संदीप कुमार, जो कि साउथ अमेरिका के चिली में होने वाले वर्ल्ड समर गेम्स 2027 के फुटबॉल सिलेक्शन कमिटी के सदस्य भी हैं, बिहार से ही हैं. यह बिहार के लिए डबल प्राइड का कारण है कि राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चयन प्रक्रिया में राज्य का सीधा योगदान है. उनकी भूमिका आने वाले गेम्स में भारतीय टीम को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण होगी.

स्पेशल ओलंपिक्स भारत का उद्देश्य और महत्व: स्पेशल ओलंपिक्स भारत को भारत सरकार के युवा मामले और खेल मंत्रालय तथा स्पेशल ओलंपिक्स इंक. से आधिकारिक मान्यता प्राप्त है. यह संस्था मानसिक रूप से कमज़ोर लोगों के लिए स्ट्रक्चर्ड स्पोर्ट्स और डेवलपमेंट प्रोग्राम चलाती है. इसका उद्देश्य उन्हें शारीरिक और मानसिक रूप से सशक्त बनाना है ताकि वे समाज में आत्मविश्वास और गरिमा के साथ आगे बढ़ सकें.
बिहार के लिए गर्व और प्रेरणा की नई कहानी: रवीन्द्रण शंकरण ने बताया कि रजत पदक जीतकर बिहार की टीम ने यह साबित किया है कि सही मार्गदर्शन, प्रयास और अनुशासन से बड़ी उपलब्धियां हासिल की जा सकती हैं. यह सफलता न केवल खिलाड़ियों के लिए बल्कि पूरे राज्य के लिए गर्व का विषय है. इससे आने वाले समय में बिहार में स्पोर्ट्स कल्चर को नई गति और दिशा मिलेगी.
“बिहार के खिलाड़ियों द्वारा जीता गया यह रजत पदक राज्य के लिए गौरव का क्षण है. उनकी मेहनत, अनुशासन और टीमवर्क ने साबित कर दिया कि सही मार्गदर्शन से हमारे खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी चमक सकते हैं. यह सफलता पूरे बिहार के लिए प्रेरणा बनेगी.”-रवीन्द्रण शंकरण, महानिदेशक, बिहार राज्य खेल प्राधिकरण


