रांची | 29 अक्टूबर 2026 | Bharat Superfast News
झारखंड में प्रारंभिक विद्यालय प्रशिक्षित सहायक आचार्य संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा में लागू नॉर्मलाइजेशन फॉर्मूले को लेकर चल रहे विवाद पर गुरुवार को झारखंड हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। इस दौरान बिरला इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (BIT), मेसरा की विशेषज्ञ समिति ने अपनी रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में अदालत को सौंपी। मामले की अगली सुनवाई के लिए 20 नवंबर की तारीख निर्धारित की गई है।
BIT की रिपोर्ट में फॉर्मूले को बताया गया सही
BIT मेसरा की समिति ने अपनी रिपोर्ट में परीक्षा के नॉर्मलाइजेशन फॉर्मूले को उचित बताया है। रिपोर्ट के मुताबिक, फॉर्मूले में कोई तकनीकी त्रुटि या विसंगति नहीं पाई गई है।
अदालत ने रिपोर्ट का अवलोकन करने के बाद उसकी प्रतियां याचिकाकर्ताओं, महाधिवक्ता और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया।
हाईकोर्ट के निर्देश पर गठित हुई थी विशेषज्ञ समिति
इस मामले की पिछली सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने BIT मेसरा के रजिस्ट्रार को मामले में प्रतिवादी बनाने का निर्देश दिया था। साथ ही, नॉर्मलाइजेशन की प्रक्रिया की तकनीकी और विशेषज्ञ स्तर पर जांच के लिए संस्थान को एक विशेषज्ञ समिति गठित करने को कहा गया था।
समिति को यह जांच करनी थी कि परीक्षा में इस्तेमाल किया गया नॉर्मलाइजेशन फॉर्मूला तकनीकी और गणितीय दृष्टि से सही है या नहीं।
नियमों और प्रक्रिया के पालन की भी हुई जांच
विशेषज्ञ समिति को फॉर्मूले की जांच के साथ यह भी देखना था कि नॉर्मलाइजेशन लागू करते समय निर्धारित नियमों और जरूरी प्रक्रियाओं का पालन किया गया था या नहीं। अब समिति की रिपोर्ट अदालत के सामने पेश हो चुकी है। आगे की सुनवाई में इस मामले पर अदालत की कार्यवाही महत्वपूर्ण होगी।
न्यायमूर्ति दीपक रोशन की अदालत में हुई सुनवाई
मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति दीपक रोशन की अदालत में हुई। याचिकाकर्ताओं की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता अमृतांश वत्स, अधिवक्ता शेखर प्रसाद गुप्ता और अन्य वकीलों ने पक्ष रखा। वहीं, JSSC की ओर से अधिवक्ता संजय पिपरावाल अदालत में उपस्थित हुए।
अब इस मामले की अगली सुनवाई 20 नवंबर 2026 को होगी। BHARATSUPERFASTNEWS
