रांची: थैलेसीमिया, सिकल सेल एनीमिया, हीमोफीलिया और अप्लास्टिक एनीमिया जैसी रक्त संबंधी बीमारियों से जूझ रहे मरीजों और उनके परिवारों की समस्याओं को लेकर रांची में राज्यस्तरीय कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यक्रम में झारखंड के अलग-अलग जिलों से मरीज, उनके परिजन, विशेषज्ञ और सामाजिक संगठनों से जुड़े लोग शामिल हुए।
मेन रोड स्थित केन होटल में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य मरीजों को उपचार, रक्त की उपलब्धता और सरकारी योजनाओं से जुड़ी जानकारी उपलब्ध कराना था। कार्यक्रम का आयोजन ‘लहू बोलेगा’ रक्तदान संगठन तथा झारखंड थैलेसीमिया-सिकल सेल एनीमिया-हीमोफीलिया-अप्लास्टिक एनीमिया पीड़ित एसोसिएशन की ओर से किया गया।
बोन मैरो ट्रांसप्लांट और रक्त उपलब्धता पर जोर
कार्यशाला में मरीजों के इलाज से जुड़े कई अहम मुद्दों पर चर्चा हुई। इनमें बोन मैरो ट्रांसप्लांट, आवश्यक दवाओं की उपलब्धता, समय पर रक्त मिलना और विशेषज्ञ हेमेटोलॉजिस्ट की सेवाएं प्रमुख रहीं।
आयोजकों ने कहा कि इन रोगों से प्रभावित कई मरीजों को लंबे समय तक नियमित उपचार, दवाओं और रक्त की जरूरत पड़ती है। ऐसे में समय पर चिकित्सा सुविधा और रक्त उपलब्ध कराना उनके लिए बेहद महत्वपूर्ण है।
सरकारी योजनाओं की जानकारी भी दी गई
कार्यक्रम के दौरान दिव्यांगता पेंशन, UDID कार्ड, सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं, स्वास्थ्य बीमा और रेलवे पास जैसी सुविधाओं पर भी चर्चा हुई। मरीजों और उनके परिजनों को उपलब्ध सरकारी योजनाओं और उनके लाभ लेने की प्रक्रिया के बारे में जानकारी दी गई।
स्वास्थ्य निदेशक डॉ. प्रभात कुमार ने बताया कि रक्त विकार से पीड़ित मरीजों के लिए सरकार की ओर से विभिन्न योजनाएं संचालित की जा रही हैं। उन्होंने यह भी कहा कि झारखंड में बोन मैरो ट्रांसप्लांट की सुविधा शुरू किए जाने की दिशा में उम्मीद बनी हुई है।
मरीजों के अधिकारों को लेकर जागरूकता पर बल
‘लहू बोलेगा’ के संस्थापक नदीम खान और संयोजक संजय टोप्पो ने कहा कि संगठन लंबे समय से रक्त संबंधी गंभीर बीमारियों से प्रभावित लोगों की समस्याओं को सामने लाने और उन्हें उपलब्ध अधिकारों एवं सुविधाओं की जानकारी देने का प्रयास कर रहा है।
कार्यक्रम में डॉ. पी.के. सिन्हा, अधिवक्ता सोनाली भट्टाचार्या, सिंगर विनाश्री और साबित सिंह सहित कई लोग उपस्थित रहे। इस दौरान पूर्व रांची सिविल सर्जन डॉ. प्रभात कुमार का सम्मान भी किया गया। मरीजों और उनके परिजनों ने उन्हें अंगवस्त्र और पुष्पगुच्छ भेंट किया।
कार्यशाला में झारखंड के लगभग सभी जिलों से मरीजों और उनके परिजनों की भागीदारी रही। कार्यक्रम की अध्यक्षता नदीम खान ने की, जबकि संचालन सुजाता कुमारी सहित अन्य सदस्यों ने किया।
