दरभंगा एयरपोर्ट पर शनिवार को 14 विमानों का आवागमन हुआ। दिल्ली से आने वाली अकासा की फ्लाइट चार घंटे देरी से पहुंची जिसकी सूचना यात्रियों को पहले ही दे दी गई थी। मुंबई से आने वाली स्पाइसजेट की फ्लाइट भी थोड़ी देरी से पहुंची। अन्य विमान जैसे इंडिगो और अकासा की फ्लाइटें अपने निर्धारित समय से पहले दरभंगा पहुंचीं।
एयरपोर्ट से शनिवार को 14 विमानों का आवागमन हुआ। दिल्ली से आनेवाली अकासा की फ्लाइट चार घंटे विलंब से पहुंची। फ्लाइट में विलंब होने की सूचना विमानन कंपनी की ओर से यात्रियों को पहले दे दी गई थी।
बावजूद कुछ यात्री एयरपोर्ट पर तय समय के पहले पहुंच गए थे। उन्हें फ्लाइट आने की प्रतीक्षा में घंटों इंतजार करना पड़ा। जानकारी के अनुसार, मुंबई से दरभंगा आनेवाली स्पाइसजेट की फ्लाइट एसजी 115 निर्धारित समय 9:15 से पांच मिनट विलंब से 9:20 में पहुंची।
दिल्ली से दरभंगा आनेवाली अकासा की फ्लाइट क्यूपी 1405 निर्धारित समय 10:55 से चार घंटा नौ मिनट विलंब से 3:04 में पहुंची। दिल्ली से दरभंगा आनेवाली स्पाइसजेट की फ्लाइट एसजी 937 निर्धारित समय 11:20 से 28 मिनट पहले पहुंच गई।
कोलकाता से दरभंगा आनेवाली इंडिगो की फ्लाइट 6ई7234 निर्धारित समय 11:55 से 24 मिनट पहले पहुंच गई। मुंबई से दरभंगा आनेवाली अकासा की फ्लाइट क्यूपी 1529 निर्धारित समय 1:30 बजे से 10 मिनट पहले पहुंच गई।
हैदराबाद से दरभंगा आनेवाली इंडिगो की फ्लाइट 6ई537 निर्धारित समय 2:20 से 13 मिनट पहले पहुंच गई। दिल्ली से दरभंगा आनेवाली इंडिगो की फ्लाइट 6ई360 निर्धारित समय चार बजे से 18 मिनट विलंब से 4:18 में पहुंची।
हाल के दिनों में यह देखा गया कि स्पाइसजेट की मुंबई से आने वाली फ्लाइट या तो देरी से पहुंच रही या फिर रद कर दी जा रही है। वह भी बिना किसी तरह की सूचना दिए। इसकी वजह से यात्रियों को परेशानी हो रही। उनके मन में कंपनी की नीति के प्रति क्षोभ देखा गया था।
कादिराबाद डिपो से दूसरे दिन भी नहीं चलीं बसें
दरभंगा : बिहार राज्य पथ परिवहन निगम के कादिराबाद बस डिपो से शनिवार को दूसरे दिन भी बसों का परिचालन ठप रहा। इस बीच निगम प्रशासन ने दो कर्मियों को कार्यमुक्त कर दिया है।
इनमें एक चालक व एक संवाहक शामिल हैं। इससे नाराज अन्य चालक व संवाहकों ने परिसर में बने शेड के नीचे धरना शुरू कर दिया है। इधर, निगम की बस के हड़ताल से यात्रियों की परेशानी बढ़ गई है।
बस पड़ाव पर पहुंचे यात्री बैरंग लौटने के लिए मजबूर हैं। कार्य से हटाए गए बस चालक शंभू कुमार और संवाहक आशीष कुमार ने बताया कि काम पर से हटा दिया गया है, लेकिन हमारी गलती क्या है, यह समझ में नहीं आ रहा है। निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक अशोक कुमार सिंह ने बताया कि परिवहन प्रशासक के आदेश से दोनों को हटाया गया है।
धरने पर बैठे चालकों और संवाहकों ने बताया कि जब तक दोनों को काम पर नहीं रखा जाएगा और परमिट की समस्या का समाधान नहीं होगा, तब तक हड़ताल जारी रहेगा। इस दिशा में निगम प्रशासन की ओर से किसी प्रकार की पहल नहीं की जा रही है।
बस का संचालन नहीं होने से मुजफ्फरपुर, पटना, मधुबनी, चंदौना, जाले कमतौल, कुशेश्वरस्थान जाने वाले पैसेंजर परेशान होकर वापस लौट जा रहे हैं।


