Major Rishabh Singh Sambyal: भारतीय सेना में करीब 12 साल सेवा देने और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के Aide-de-Camp (ADC) की जिम्मेदारी संभालने वाले मेजर ऋषभ सिंह सम्ब्याल इन दिनों सोशल मीडिया पर चर्चा में हैं। सोशल मीडिया पर उन्हें लेकर काफी दिलचस्पी देखने को मिल रही है। सेना से महज 30 वर्ष की उम्र में समय से पहले सेवानिवृत्ति लेने का उनका फैसला भी लोगों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है।
ऋषभ ने एक पॉडकास्ट में अपने सैन्य जीवन, राष्ट्रपति के साथ काम करने के अनुभव और निजी जिंदगी से जुड़े कुछ पहलुओं पर बात की थी। इसी वजह से उनके करियर और सेना छोड़ने के फैसले को लेकर लोगों की रुचि बढ़ी है।
जम्मू-कश्मीर से ताल्लुक रखते हैं ऋषभ
मेजर ऋषभ सिंह सम्ब्याल जम्मू-कश्मीर के डोगरा राजपूत परिवार से आते हैं। उन्होंने वर्ष 2013 में National Defence Academy (NDA) की परीक्षा पास की थी। इसके बाद 2014 में उन्होंने NDA के 133वें कोर्स में प्रवेश लिया।
उन्होंने 2017 में International Relations and Affairs में Bachelor of Arts की पढ़ाई पूरी की। इसी साल वह Indian Military Academy से जुड़े, जहां उन्होंने Military Studies और Defence Management से संबंधित अध्ययन किया।
सेना में कई अहम जिम्मेदारियां संभालीं
ऋषभ सिंह सम्ब्याल ने भारतीय सेना में Lieutenant से लेकर Captain और फिर Major के पद तक सेवाएं दीं। सैन्य करियर के दौरान उन्हें कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां मिलीं।
साल 2021 में उन्होंने गणतंत्र दिवस परेड में Jat Regiment की टुकड़ी का नेतृत्व किया था। इस दौरान उनकी टुकड़ी को Best Marching Contingent Trophy भी मिली।
वह 4 Para Special Forces से भी जुड़े रहे। इस यूनिट को ‘Daggers’ के नाम से जाना जाता है। उनके सैन्य करियर में Special Forces से जुड़ी सेवा और प्रशिक्षण भी महत्वपूर्ण हिस्सा रहा।
मार्च 2023 में बने राष्ट्रपति के ADC
ऋषभ सिंह सम्ब्याल को मार्च 2023 में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के Aide-de-Camp (ADC) के तौर पर नियुक्त किया गया था।
राष्ट्रपति के ADC की जिम्मेदारी काफी महत्वपूर्ण होती है। इस भूमिका में अधिकारी राष्ट्रपति के आधिकारिक कार्यक्रमों, यात्राओं और विभिन्न आयोजनों के दौरान समन्वय से जुड़े काम संभालता है। राष्ट्रपति भवन से जुड़े कई कार्यक्रमों की तैयारियों और संबंधित अधिकारियों के साथ तालमेल में भी ADC की भूमिका रहती है।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के साथ जुड़ा खास अनुभव
राज शमानी के पॉडकास्ट में ऋषभ ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के साथ अपने कार्य अनुभव को साझा किया था। उन्होंने बताया कि राष्ट्रपति से पहली मुलाकात के दौरान उन्हें अपनी मां जैसी आत्मीयता महसूस हुई।
ऋषभ के मुताबिक, लंबे समय तक अपनी मां से दूर रहने की वजह से राष्ट्रपति का व्यवहार उन्हें भावनात्मक रूप से अपनी मां की याद दिलाता था।
30 साल में सेना से क्यों हुए रिटायर?
मेजर ऋषभ सिंह सम्ब्याल ने लगभग 12 साल की सैन्य सेवा के बाद 30 वर्ष की उम्र में समय से पहले रिटायरमेंट लिया। उनके इस फैसले को लेकर सोशल मीडिया पर कई तरह की चर्चाएं हुई हैं।
उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, उनके निर्णय में व्यक्तिगत और पारिवारिक परिस्थितियों की भूमिका बताई गई है। उन्होंने सोशल मीडिया पर अपने जीवन की कुछ परिस्थितियों और घटनाओं का जिक्र भी किया था। हालांकि, रिटायरमेंट की पूरी और विस्तृत वजह उन्होंने सार्वजनिक तौर पर स्पष्ट नहीं की है। इसलिए इससे जुड़ी अटकलों को पुष्ट तथ्य के तौर पर देखना उचित नहीं होगा।
राष्ट्रपति की सुरक्षा व्यवस्था पर भी साझा किए अनुभव
पॉडकास्ट के दौरान ऋषभ ने राष्ट्रपति की सुरक्षा से जुड़े कुछ सामान्य प्रोटोकॉल पर भी चर्चा की। उन्होंने बताया कि राष्ट्रपति के आसपास सुरक्षा को लेकर कई स्तरों पर सावधानियां बरती जाती हैं।
कार्यक्रम स्थल से लेकर मिलने आने वाले लोगों और विभिन्न व्यवस्थाओं तक कई पहलुओं पर सुरक्षा मानकों के तहत ध्यान दिया जाता है। हालांकि, संवेदनशील सुरक्षा प्रक्रियाओं की पूरी जानकारी सार्वजनिक नहीं की जाती।
सैन्य सेवा में निजी जिंदगी की चुनौतियां
ऋषभ ने अपने निजी जीवन पर भी बात करते हुए बताया कि सेना और विशेष रूप से राष्ट्रपति के ADC जैसे दायित्वों में निजी समय और पारिवारिक जीवन के लिए कई समझौते करने पड़ सकते हैं।
लंबे समय तक परिवार से दूर रहना और व्यस्त आधिकारिक कार्यक्रमों के बीच अपनी व्यक्तिगत जिंदगी के लिए समय निकालना चुनौतीपूर्ण हो सकता है। उन्होंने यह भी बताया कि वह खुद के साथ समय बिताने और अपने विचारों पर ध्यान देने को महत्व देते हैं।
सोशल मीडिया पर क्यों हो रही चर्चा?
सेना में उनका अनुभव, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के ADC के तौर पर उनकी भूमिका और कम उम्र में लिया गया रिटायरमेंट—इन सभी पहलुओं ने ऋषभ सिंह सम्ब्याल को सोशल मीडिया पर चर्चा में ला दिया है।
हालांकि, उनके निजी जीवन और सेना से अलग होने के कारणों को लेकर सामने आने वाली हर जानकारी को तथ्य मानने के बजाय केवल उन्हीं बातों पर भरोसा करना चाहिए, जिन्हें उन्होंने स्वयं सार्वजनिक रूप से साझा किया है या जिनकी विश्वसनीय पुष्टि उपलब्ध है।
डिस्क्लेमर: इस खबर में ऋषभ सिंह सम्ब्याल की शिक्षा, सैन्य करियर और ADC के रूप में भूमिका से संबंधित जानकारी उपलब्ध सार्वजनिक विवरणों तथा उनके पॉडकास्ट में कही गई बातों पर आधारित है। उनके रिटायरमेंट के निजी कारणों के बारे में सार्वजनिक रूप से पूरी जानकारी उपलब्ध नहीं है।
