Thursday, May 7, 2026

कर्नाटक में बिहार के एक दर्जन मजदूरों को बंधक बनाने की खबर है।

Share

कर्नाटक में बिहार के एक दर्जन मजदूरों को बंधक बनाने की खबर है। पीड़ित परिवारों ने एक पूर्व मंत्री से मदद की गुहार लगाई है। परिवारों का आरोप है कि कर्नाटक में उनके परिजनों को बंधक बनाकर जबरन काम करवाया जा रहा है। 

 बिहार के बक्सर जिले के धनसोई थाना क्षेत्र के दुल्फा गांव निवासी प्रेमचंद सिंह सहित लगभग एक दर्जन मजदूरों को कर्नाटक में जबरन बंधक बना लिया गया है।

पीड़ितों के परिवारों ने इस संबंध में पूर्व मंत्री संतोष निराला को आवेदन दिया है। इसमें तत्काल न्याय और मजदूरों की रिहाई की मांग की गई है। पीड़ित प्रेमचंद सिंह के भाई चंदन कुशवाहा ने बताया कि वह इस मामले में डीएम और एसपी को आवेदन देने आए थे, लेकिन मुलाकात नहीं हो सकी।

पूर्व मंत्री ने इस संबंध में एसपी को बात कर पूरे मामले की जानकारी दी है। उनका छोटा भाई प्रेमचंद परिवार की आर्थिक तंगी दूर करने के लिए कई महीनों से कर्नाटक के विजयपुर में एक कंस्ट्रक्शन कंपनी में मशीन ऑपरेटर का काम कर रहा था।

दो दिन पहले प्रेमचंद ने घर फोन कर बताया था कि वह 10 नवंबर को ट्रेन पकड़कर गांव लौट आएगा। लेकिन निर्धारित तिथि पर वह घर नहीं पहुंचा। स्वजन ने बार-बार फोन करने पर भी कोई जवाब नहीं मिला।

आखिरकार किसी तरह संपर्क होने पर प्रेमचंद ने रोते हुए मोबाइल लोकेशन भेजकर जानकारी दी कि वह कार्यस्थल से निकलकर मनमाड़ रेलवे स्टेशन पहुंचा था और वहां से ट्रेन पकड़ने वाला था।

तभी एक ठेकेदार अपने कुछ साथियों के साथ वहां पहुंचा और स्टेशन पर बैठे बिहार व उत्तर प्रदेश के लगभग एक दर्जन मजदूरों को जबरन अपनी गाड़ी में बैठाकर गन्ने के खेतों की ओर ले गया।

वहां उन्हें जबरदस्ती काम कराया जा रहा है। गांव लौटने की जिद करने पर मजदूरों के साथ मारपीट भी की जा रही है। इससे परिवार में दहशत का माहौल है और वे मजदूरों की सुरक्षित वापसी के लिए प्रशासन से हस्तक्षेप की अपील कर रहे हैं।

इस मामले में दैनिक जागरण की ओर से डीएम डा. विद्यानंद सिंह को जानकारी दिए जाने पर उन्होंने कहा कि प्रशासन इस मामले की जांच करेगा। साथ ही बंधकों को जल्द वापस लाने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं।

Read more

Local News