Sunday, April 12, 2026

रोजगार सेवक को 5 हजार रुपये रिश्वत लेते दबोचा, इस काम के बदले मांग रहा था मोटी रकम

Share

एसीबी ने चतरा के रोजगार सेवक को 5 हजार रुपये रिश्वत लेते गिरफ्तार किया है. वह मनरेगा योजना के तहत गांव के एक व्यक्ति से मेढ़बंदी कार्य के डिमांड लगाने के एवज में मोटी रकम वसूसलना चाहता था

 चतरा के इटखोरी में एसीबी ने नवादा और धनखेरी पंचायत के रोजगार सेवक को 5 हजार रुपये रिश्वत लेते गिरफ्तार किया है. भ्रष्टचार निरोधक ब्यूरो की टीम उसे अपने हजारीबाग ले आयी है. उस पर आरोप है कि वह गांव के ही विनोद सिंह नामक एक व्यक्ति से मनरेगा योजना के तहत मेढ़बंदी कार्य का डिमांड लगाने के एवज में पैसे की मांग कर रहा था. जिसके बाद एसीबी ने यह कार्रवाई शिकायतकर्ता के आवेदन के आधार पर की.

क्या है मामला

दरअसल चतरा के रहने वाले विनोद सिंह और उसके परिवार का नाम मनरेगा योजना के तहत मेढ़बंदी कार्य के लिए स्वीकृत हुआ. जब मेढ़बंदी का कार्य पूरा हो गया तो वह रोजगार सेवक के पास इसका डिमांड लगाने के लिए गया. जिस पर रोजगार सेवक ने उमेश कुमार ने उनसे इस काम के लिए 26 हजार रुपये की मांग की. चूंकि आवेदक बिनोद सिंह यह राशि नहीं देना चाहते थे इसलिए उन्होंने आवेदन देकर इसकी शिकायत हजारीबाग एसीबी के पुलिस अधीक्षक से की.

विनोद सिंह के आवेदन की सत्यता की पुष्टि होने के बाद एसीबी ने की कार्रवाई

आवेदक विनोद सिंह के आवेदन पर जब मामले का सत्यापन किया गया तो उनकी बात सही पायी गयी. जिसके हाथ एसीबी ने उन्हें रंगे हाथ दबोचने की योजना बनाई. इसके बाद आवेदक द्वारा पहली किस्त के रूप में 5 हजार रुपये देने की सहमति बनी. इटखोरी प्रखंड के चौपारण रोड पर स्थित महराजा फर्नीचर के पास रुपये देने की जगह निर्धारित की गयी. जैसे ही विनोद सिंह ने उस रुपये को रोजगार सेवक को दिया, पहले से घात लगाये एसीबी के अधिकारियों ने उसे दबोच लिया. फिलहाल गिरफ्तारी के बाद आगे की कार्रवाई की जा रही है.

Read more

Local News