पटना: मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार दो दिवसीय बिहार दौरे पर पटना पहुंचे हैं। अपने दौरे के दौरान वे निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े अधिकारियों के साथ बैठक करने के अलावा युवाओं और पहली बार मतदान करने वाले वोटर्स से भी संवाद करेंगे। चुनावी साक्षरता बढ़ाने और युवाओं की भागीदारी को प्रोत्साहित करना इस कार्यक्रम का प्रमुख उद्देश्य बताया गया है।
पटना पहुंचने के बाद पत्रकारों से बातचीत में ज्ञानेश कुमार ने बिहार में मतदाता सूची के शुद्धिकरण अभियान और विधानसभा चुनाव में मतदान प्रतिशत का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि बिहार में मतदाता सूची को बेहतर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण काम हुआ है। साथ ही उन्होंने 2025 के विधानसभा चुनाव में रिकॉर्ड मतदान का भी जिक्र किया।
17 अगस्त को ELC 2.0 की शुरुआत
मुख्य चुनाव आयुक्त 17 अगस्त को पटना के ज्ञान भवन में Electoral Literacy Clubs 2.0 (ELC 2.0) की शुरुआत करेंगे। इस पहल का फोकस युवाओं, खासकर नए और पहली बार वोट डालने वाले मतदाताओं को चुनावी प्रक्रिया के प्रति जागरूक करना है।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं के शामिल होने की उम्मीद है। निर्वाचन आयोग की ओर से युवाओं को मतदान प्रक्रिया, लोकतांत्रिक भागीदारी और जिम्मेदार मतदाता बनने के लिए प्रेरित करने पर जोर दिया जाएगा।
सीतामढ़ी, वैशाली और मधुबनी का भी दौरा
मुख्य चुनाव आयुक्त अपने बिहार दौरे के दौरान सीतामढ़ी, वैशाली और मधुबनी भी जाएंगे। यहां वे बूथ लेवल अधिकारियों यानी BLO से बातचीत करेंगे और उनके कार्यों तथा चुनाव के दौरान आने वाली व्यावहारिक चुनौतियों के बारे में जानकारी लेंगे।
इस संवाद के दौरान बीएलओ अपने जमीनी अनुभव साझा करेंगे। मतदाता सूची, मतदाताओं से जुड़े कार्यों और निर्वाचन प्रक्रिया को अधिक सुगम बनाने के लिए उनसे सुझाव भी लिए जाएंगे।
ज्ञान भवन में होगा बड़ा सम्मेलन
17 अगस्त को पटना के ज्ञान भवन में ELC 2.0 के साथ ECINET से संबंधित एक दिवसीय सम्मेलन आयोजित किया जाएगा। इसमें बिहार के 400 से ज्यादा शैक्षणिक संस्थानों की भागीदारी रहेगी।
सम्मेलन में विद्यार्थियों के अलावा शिक्षक, विश्वविद्यालयों के कुलपति, स्कूल-कॉलेजों के प्राचार्य और विभिन्न शिक्षण संस्थानों के प्रमुख भी शामिल होंगे। पहली बार मतदान करने जा रहे युवाओं की भागीदारी इस आयोजन का खास आकर्षण होगी।
Gen Z वोटर्स पर विशेष ध्यान
मुख्य चुनाव आयुक्त के दौरे में युवा मतदाताओं पर विशेष फोकस रहेगा। निर्वाचन आयोग की कोशिश है कि नई पीढ़ी चुनावी प्रक्रिया को समझे और मतदान सहित लोकतांत्रिक गतिविधियों में सक्रिय रूप से हिस्सा ले।
इस दौरे के जरिए एक ओर जहां चुनावी व्यवस्था से जुड़े अधिकारियों के जमीनी अनुभवों को समझने का प्रयास होगा, वहीं दूसरी ओर युवाओं के बीच निर्वाचन साक्षरता को मजबूत करने की दिशा में भी पहल की जाएगी।
