बिहार के औरंगाबाद जिले के डॉ. विकास कुमार गुप्ता की झारखंड में एयर एंबुलेंस हादसे में दर्दनाक मौत हो गई. वह RIMS, रांची में कार्यरत थे. डॉ. विकास मरीज को बेहतर इलाज के लिए दिल्ली ले जा रहे थे.
झारखंड के चतरा जिले में सोमवार रात एक दर्दनाक हादसा हुआ. सिमरिया थाना क्षेत्र के घने जंगल में एक एयर एंबुलेंस दुर्घटनाग्रस्त हो गई. इस हादसे में विमान पर सवार सभी सात लोगों की मौके पर ही मौत हो गई. रात के अंधेरे और खराब मौसम ने राहत-बचाव कार्य को भी मुश्किल बना दिया.
मृतकों में RIMS, रांची में कार्यरत 42 वर्षीय चिकित्सक डॉ. विकास कुमार गुप्ता भी शामिल हैं. वह बिहार के औरंगाबाद जिले के मदनपुर थाना क्षेत्र के मनिका गांव के रहने वाले थे.
मरीज को दिल्ली ले जाते समय हुआ हादसा
डॉ. विकास एक मरीज संजय कुमार को बेहतर इलाज के लिए रांची से दिल्ली ले जा रहे थे. अचानक मौसम बिगड़ गया. तेज हवाएं और खराब विजिबिलिटी के कारण एयर एंबुलेंस जंगल के बीच क्रैश हो गई. इस विमान में कुल सात लोग सवार थे. किसी को संभलने तक का मौका नहीं मिला.
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
डॉ. विकास की पत्नी मीनाक्षी देवी रांची में भारतीय स्टेट बैंक में मैनेजर हैं. उनका आठ साल का बेटा मुहुल कुमार है, जो रांची में पढ़ाई करता है. डॉ. विकास दो भाइयों में बड़े थे. उनके छोटे भाई सुभाष गुप्ता बोकारो में कार्यरत हैं. ग्रामीण बताते हैं कि वह पिछले आठ वर्षों से रिम्स में सेवाएं दे रहे थे. गांव से उनका गहरा लगाव था. जरूरतमंदों की मदद के लिए वह हमेशा आगे रहते थे.
शव पहुंचते ही मचा कोहराम
मंगलवार को पोस्टमार्टम के बाद जब एंबुलेंस से उनका शव मनिका गांव पहुंचा, तो पूरा इलाका गमगीन हो गया. मां आरती देवी और पत्नी मीनाक्षी का रो-रोकर बुरा हाल है. हर आंख नम हैं. गांव में लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी. ग्रामीणों ने कहा, डॉ. विकास गांव का गौरव थे. हर परिस्थिति में साथ खड़े रहते थे.


