केंद्रीय कैबिनेट ने नेशनल हाईवे 31 और एनएच 231 के खगड़िया से पूर्णिया खंड को फोरलेन में अपग्रेड करने की मंजूरी दी है. इस प्रोजेक्ट की कुल लंबाई 143.52 किलोमीटर है और इसकी लागत 3936 करोड़ रुपये आएगी. परियोजना के तहत पूर्णिया शहर में ट्रैफिक जाम से मुक्ति के लिए 6.72 किलोमीटर लंबा नया ग्रीनफील्ड बाइपास बनाया जाएगा. मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने इस बड़े तोहफे के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार जताया है.
सिर्फ दो घंटे में पूरा होगा सफर, टोल मोड में होगा निर्माण
खगड़िया और पूर्णिया के बीच इस फोरलेन हाईवे का निर्माण बीओटी (टोल) मोड के आधार पर किया जाएगा. मौजूदा नेशनल हाईवे को चौड़ा और अपग्रेड करने से इस रूट पर वाहनों की रफ्तार काफी बढ़ जाएगी. नया हाईवे बनने से खगड़िया और पूर्णिया के बीच का सफर साढ़े 3 घंटे से घटकर महज दो घंटे का रह जाएगा. सड़क चौड़ी होने से तीखे मोड़ सीधे होंगे और शहरी क्षेत्रों में लगने वाले ट्रैफिक जाम से पूरी तरह निजात मिलेगी.
चार जिलों को फायदा
इस प्रोजेक्ट से बिहार के चार प्रमुख जिलों खगड़िया, भागलपुर, कटिहार और पूर्णिया की सड़कें बेहतर होंगी. साफ और चौड़ी सड़क होने के कारण गाड़ियों के रखरखाव का खर्च कम होगा और कीमती ईंधन की भी भारी बचत होगी. बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर से सड़क सुरक्षा सुनिश्चित होगी और सड़क हादसों में काफी कमी आएगी. यह प्रोजेक्ट पूरे क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास को एक नई ऊंचाई पर ले जाएगा.
एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन और फूड पार्कों से सीधे जुड़ेगा रूट
यह नया फोरलेन हाईवे इलाके के टेक्स्टाइल क्लस्टर, दो मेगा फूड पार्क और दो फिशिंग सीफूड पार्क को आपस में जोड़ेगा. इसके साथ ही यह मार्ग 4 प्रमुख रेलवे स्टेशनों और पूर्णिया हवाई अड्डे को भी सीधी कनेक्टिविटी देगा. यह रूट चार अन्य नेशनल हाईवे और दो स्टेट हाईवे को आपस में लिंक कर मल्टी-मॉडल ट्रांसपोर्ट को बढ़ावा देगा. इसके बनने से सीमांचल और पूर्वी बिहार में यात्रियों की आवाजाही और ट्रकों के जरिए माल की ढुलाई बेहद तेज और सुगम हो जाएगी.


