कर्नाटक के बाद अब ह्यूमन मेटान्यूमोवायरस (HMPV) का नया मामला गुजरात में सामने आया है. अहमदाबाद के एक निजी अस्पताल में 2 महीने के बच्चे में इस खतरनाक वायरस के लक्षण पाए गए हैं.

कर्नाटक के बाद गुजरात में भी ह्यूमन मेटान्यूमोवायरस का एक मामला सामने आया है. गुजरात में अहमदाबाद के एक निजी अस्पताल में भर्ती दो महीने के एक बच्चे में एचएमपीवी से संक्रमित होने की पुष्टि हो गई है. यह परिवार राजस्थान के डूंगरपुर से अपने बीमार बच्चे का इलाज कराने के लिए अहमदाबाद आया था. इलाज के दौरान जांच में उसे एचएमपीवी से संक्रमित पाया गया, जिसके बाद उसे अलग रखा गया है. प्रभारी चिकित्सा अधिकारी भाविन सोलंकी ने बताया कि ‘मरीज के एचएमपीवी से संक्रमित होने की पुष्टि 26 दिसंबर को हो गई थी, लेकिन हमें इसकी आज जानकारी मिली क्योंकि निजी अस्पताल ने हमें इसकी सूचना देर से दी.’वहीं बच्चे की हालत स्टेबल है.
कर्नाटक में सामने आए हैं दो मामले
इससे पहले बेंगलुरु में दो और बच्चे एचएमपीवी से संक्रमित पाए गए हैं. ‘स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय’ ने सोमवार को एक बयान में कहा कि कर्नाटक में HMPV के दो मामले सामने आए हैं. जिसमें दो महीने की एक बच्ची और 8 महीने का एक बच्चा ह्यूमन मेटान्यूमोवायरस संक्रमण से संक्रमित पाया गया है. डॉक्टरों का कहना है कि यह वायरस श्वसन तंत्र को प्रभावित करता है. इस संक्रमण से सबसे ज्यादा खतरा बुजुर्गों और बच्चों को है. भारत में अभी तक जो तीन मामले मिले में तीनों में संक्रमित होने वाले बच्चे हैं. हालांकि तीन महीने के बच्चे को छुट्टी दे दी गई है, जबकि 8 महीने का बच्चा का इलाज चल रहा है. उम्मीद है उसे आज छुट्टी मिल सकती है.
सावधानी जरूरी, घबराने की बात नहीं- अधीक्षक, सिविल अस्पताल
HMPV वायरस को लेकर अहमदाबाद सिविल अस्पताल के अधीक्षक डॉ राकेश जोशी ने कहा है कि “घबराने की कोई जरूरत नहीं है. हमें निश्चित रूप से सतर्क रहना होगा और सावधानी बरतनी होगी. उन्होंने कहा कि यह वायरस नया नहीं है. यह वर्षों से यह है. संक्रमण के मामले विशेष रूप से सर्दियों के दौरान देखा जाता है. इस वायरस के संक्रमण के लिए कोई टीकाकरण या विशेष दवा नहीं है. इसका लक्षणों के अनुसार उपचार किया जाता है. उन्होंने कहा कि जिन लोगों को यह संक्रमण होता है उनमें 5 से 7 दिनों में रिकवरी हो जाती है.



