रांची: झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) की 14वीं संयुक्त सिविल सेवा परीक्षा से जुड़े कथित अनियमितता मामले की जांच तेज हो गई है। इसी क्रम में आयोग के पूर्व अध्यक्ष एल. ख्यांगते शुक्रवार को लगातार तीसरे दिन सीआईडी मुख्यालय पहुंचे, जहां जांच अधिकारियों ने उनसे विभिन्न पहलुओं पर पूछताछ की।
- बताया जा रहा है कि अब तक एकत्र किए…
जांच एजेंसी भर्ती प्रक्रिया, परीक्षा संचालन और इससे जुड़े प्रशासनिक निर्णयों के संबंध में विस्तृत जानकारी जुटा रही है। बताया जा रहा है कि अब तक एकत्र किए गए दस्तावेजों और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर पूछताछ आगे बढ़ रही है। हालांकि, फिलहाल उनकी गिरफ्तारी को लेकर किसी प्रकार की आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।
- कई घंटों तक पूछताछ की गई थी।
सूत्रों के मुताबिक, पहले दो दिनों में भी एल. ख्यांगते से कई घंटों तक पूछताछ की गई थी। इस दौरान अधिकारियों ने परीक्षा प्रक्रिया, चयन प्रणाली, निजी एजेंसी की भूमिका और अन्य महत्वपूर्ण बिंदुओं पर सवाल किए। जांच के दौरान उनका पासपोर्ट भी जब्त कर लिया गया है, ताकि जांच पूरी होने तक विदेश यात्रा की संभावना पर रोक बनी रहे।
- जेपीएससी कार्यालय में स्थित उनके कक्ष की तलाशी ली थी।
इससे पहले सीआईडी की टीम ने कांके रोड स्थित उनके सरकारी आवास और जेपीएससी कार्यालय में स्थित उनके कक्ष की तलाशी ली थी। कार्रवाई के दौरान कई दस्तावेजों की जांच की गई और महत्वपूर्ण रिकॉर्ड अपने कब्जे में लिए गए।
- वहां से परीक्षा संबंधी रिकॉर्ड
जांच के दायरे में परीक्षा संचालन से जुड़ी निजी एजेंसी का कार्यालय भी शामिल रहा। वहां से परीक्षा संबंधी रिकॉर्ड, ओएमआर शीट और अन्य डिजिटल सामग्री जब्त की गई है, जिनकी जांच जारी है।
अब तक इस मामले में जेपीएससी की उप परीक्षा नियंत्रक समेत कई लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। जांच एजेंसी कुछ आरोपियों से रिमांड पर पूछताछ कर रही है और मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी पड़ताल जारी है।
