रांची: झारखंड में चल रहे मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के तहत दावा और आपत्ति दर्ज कराने की प्रक्रिया अब अंतिम चरण में पहुंच गई है। 15 सितंबर 2026 को इस चरण की समयसीमा समाप्त हो जाएगी। इसके बाद मतदाता सूची में नया नाम जोड़ने के लिए फॉर्म-6 स्वीकार नहीं किया जाएगा।
राज्य में अब तक मतदाता पंजीकरण के लिए 4,54,189 फॉर्म-6 प्राप्त हुए हैं। वहीं, मतदाता सूची से नाम हटाने के लिए फॉर्म-7 के जरिए 5,302 आवेदन और नाम, पता समेत अन्य विवरण में संशोधन के लिए फॉर्म-8 के माध्यम से 2,88,090 आवेदन मिले हैं। 15 सितंबर के बाद इन आवेदनों की जांच और निस्तारण की प्रक्रिया शुरू होगी।
75 मतदान केंद्रों पर अब तक एक भी Form-6 नहीं
झारखंड में कुल 31,892 मतदान केंद्र हैं। इनमें से 75 ऐसे केंद्र हैं, जहां शनिवार तक मतदाता पंजीकरण के लिए एक भी फॉर्म-6 जमा नहीं हुआ है।
इन 75 केंद्रों में सबसे अधिक 62 मतदान केंद्र रांची के हैं। इसके अलावा देवघर, गोड्डा, हजारीबाग, धनबाद और गुमला में एक-एक मतदान केंद्र ऐसा है। साहिबगंज में तीन और दुमका में चार मतदान केंद्रों पर अभी तक फॉर्म-6 नहीं मिला है।
विधानसभा क्षेत्र के हिसाब से देखें तो कांके विधानसभा क्षेत्र में सबसे ज्यादा 52 मतदान केंद्र ऐसे हैं, जहां अब तक एक भी आवेदन नहीं आया है।
कई मतदान केंद्रों पर बेहद कम आवेदन
फॉर्म-6 प्राप्त होने के आंकड़ों पर नजर डालें तो राज्य के 5,591 मतदान केंद्रों पर सिर्फ एक से पांच आवेदन मिले हैं। वहीं 8,618 केंद्रों पर छह से 10 फॉर्म-6 प्राप्त हुए हैं।
इसके अलावा:
| फॉर्म-6 की संख्या | मतदान केंद्र |
|---|---|
| 11 से 20 | 11,329 |
| 21 से 30 | 4,076 |
| 30 से अधिक | 2,203 |
इन आंकड़ों से स्पष्ट है कि कई मतदान केंद्रों पर अभी भी पात्र लोगों को मतदाता सूची में नाम जुड़वाने के लिए आगे आने की जरूरत है।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने युवाओं से की अपील
झारखंड के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने पात्र भारतीय नागरिकों, खासकर युवाओं से अपील की है कि जिनका नाम SIR की ड्राफ्ट मतदाता सूची में शामिल नहीं है, वे समय रहते ECINET या अपने BLO (बूथ लेवल ऑफिसर) से संपर्क करें।
उन्होंने पात्र नागरिकों से फॉर्म-6 और आवश्यक घोषणा पत्र भरने का आग्रह किया है, ताकि उनका नाम मतदाता सूची में शामिल किया जा सके।
1 अक्टूबर 2026 तक 18 साल पूरे करने वालों के लिए अहम मौका
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के मुताबिक, ऐसे पात्र भारतीय नागरिक जो 1 अक्टूबर 2026 की अर्हता तिथि तक 18 वर्ष की आयु पूरी कर चुके हैं, उन्हें 15 सितंबर तक फॉर्म-6 जमा कर देना चाहिए।
समयसीमा बीत जाने के बाद मौजूदा SIR प्रक्रिया के तहत उनका नाम ड्राफ्ट मतदाता सूची में शामिल नहीं हो सकेगा।
भविष्य में भी काम आएगी SIR की मतदाता सूची
निर्वाचन विभाग के अनुसार SIR के माध्यम से तैयार मतदाता सूची को महत्वपूर्ण स्थायी रिकॉर्ड के तौर पर सुरक्षित रखा जाता है। इसका महत्व केवल मौजूदा चुनावी प्रक्रिया तक सीमित नहीं माना जा रहा है।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने उदाहरण देते हुए बताया कि वर्तमान SIR में वर्ष 2003 के SIR से दस्तावेजों की मैपिंग के आधार पर कुछ मतदाताओं और उनके बेटे-बेटियों को अन्य दस्तावेज उपलब्ध कराने में छूट मिल रही है। इसी तरह भविष्य में वर्तमान SIR की मतदाता सूची में दर्ज जानकारी का लाभ अगली पीढ़ी को भी मिल सकता है।
15 सितंबर से पहले जरूर करें आवेदन
जिन पात्र नागरिकों का नाम अभी तक SIR की ड्राफ्ट मतदाता सूची में नहीं है, उनके लिए 15 सितंबर 2026 महत्वपूर्ण अंतिम तिथि है। ऐसे मतदाता समयसीमा खत्म होने से पहले फॉर्म-6 भरकर संबंधित प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।
