पलामू में चोरी करने वाले महिला गिरोह ने चोरी का एक नया तरीका अपनाया है. वे गर्भवती महिलाओं और बुजुर्गों को अपने साथ रखती हैं.
पलामूः महिला गिरोह घटनाओं को अंजाम देने के लिए गर्भवती और बुजुर्गों का इस्तेमाल करता है. इस गिरोह के सप्लाई चेन में बच्चे भी शामिल हैं. यह गिरोह पलक झपकते ही कीमती जेवरात को गायब कर देता है. दरअसल पलामू के विभिन्न धार्मिक स्थलों पर बड़ी संख्या में महिलाओं के जेवरात गायब हुए थे. पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए उत्तर प्रदेश के गाजीपुर और गोरखपुर की रहने वाली तीन महिलाओं को गिरफ्तार किया था.
गिरफ्तार तीन महिलाओं में दो बिहार के सासाराम जबकि एक महिला पलामू के जपला की रहने वाली है. गिरफ्तार महिलाओं में एक गर्भवती है. गिरफ्तार महिलाओं ने पलामू पुलिस को कई बड़ी जानकारियां दी हैं. गिरफ्तार आरोपियों ने पलामू पुलिस को बताया है कि गिरोह की सदस्य महिलाएं हैं, गिरोह अलग-अलग ग्रुप में बंट जाता है. हर एक ग्रुप में गर्भवती या बुजुर्ग महिलाओं को रखा जाता है. जबकि पूरे गिरोह के साथ कुछ बच्चे भी चलते हैं.
गिरोह का टारगेट भीड़-भाड़ वाले इलाके में कीमती जेवरात पहनने वाली महिलाएं होती हैं. खासतौर पर मंदिर में पूजा के दौरान और मेले जैसे भीड़-भाड़ वाले इलाके में गिरोह में शामिल महिलाएं पूजा के लिए हाथ में डलिया (थाली) लिए हुए होती हैं या उनके हाथ में गमछा होता है. गिरोह में शामिल सभी महिलाएं एक साथ चलती हैं और पूजा सामग्री या गमछा बदलने के बहाने कीमती जेवरात को गायब कर देती हैं.
कीमती जेवरात को गिरोह के साथ-साथ चल रहे बच्चों को दे दिया जाता है. बच्चों को पूरी जानकारी होती है कि गायब हुई सामग्री को कहां पहुंचाना है और किसे देना है. गिरोह में शामिल महिलाएं गर्भवती या बुजुर्ग महिलाओं को अपने बचाव के लिए साथ में रखती हैं ताकि पकड़े जाने के बाद गर्भवती या बुजुर्ग महिला ढाल के रूप में इस्तेमाल हो सके.
“गिरोह में पांच से छह महिलाएं होती हैं, गिरोह में गर्भवती और बुजुर्ग महिलाएं भी शामिल रहती हैं. गिरोह अपने साथ में एक तौलिया लेकर चलता है, घटना के दौरान तौलिया का इस्तेमाल होता है. तौलिया या गमछा के अंदर से ही हाथ घुसा कर वे सोने की चेन एवं जेवरात को गायब कर देती हैं. गर्भवती महिला को साथ रखा जाता है ताकि पकड़े जाने के दौरान कोई मारपीट नहीं कर सके. चोरी के बाद बच्चों का इस्तेमाल होता है. पुलिस पूरे मामले में अलर्ट है और ऐसे गिरोह के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रही है.” – ज्योतिलाल रजवार, मेदिनीनगर टाउन थाना प्रभारी


