PM मोदी ने एआई इमपैक्ट समिट का औपचारिक उद्घाटन करते हुए एआई का ‘मानव विजन’ पेश किया. उन्होंने कहा कि हमें एआई को खुली छूट देनी होगी, लेकिन इसकी बागडोर अपने हाथों में रखनी होगी, साथ ही कहा कि खुशहाली ही एआई के लिए हमारा मानदंड होना चाहिए. उन्होंने कहा कि एआई लक्ष्य से भटक गया तो विनाश का कारण बनेगा. इसका सही इस्तेमाल होना चाहिए. उन्होंने डीपफेक को लेकर सतर्क रहने की जरुरत बताई. इससे पहले पीएम मोदी ने इस समिट में शामिल हुए सभी मेहमानों का स्वागत किया. समिट के उद्घाटन समारोह में फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों, यूएन महासचिव एंटोनियो गुटेरेस, ब्राजील के राष्ट्रपति लूला, गूगल और अल्फाबेट के CEO सुंदर पिचाई, ओपन AI के CEO सैम ऑल्टमैन, मेटा के चीफ AI ऑफिसर एलेक्जेंडर वांग, एंथ्रोपिक के CEO डारियो अमोदेई समेत ग्लोबल टेक लीडर्स भी शामिल हुए. इनके अलावा एआई समिट में 500 से ज्यादा एआई लीडर्स, 100 से ज्यादा सरकार के प्रतिनिधि, 20 देशों के राष्ट्राध्यक्ष, 150 से ज्यादा शिक्षाविद, शोधकर्ता और सैकड़ों एक्सपर्टस भी इस समिट का हिस्सा बने. भारत मंडपम में चल रहे ‘AI इम्पैक्ट एक्सपो’ को एक दिन के लिए बढा दिया गया है.