Patna News: पटना के बाढ़ अनुमंडल में रात होते-होते पूरे इलाके में चीख-पुकार, आगजनी और हंगामे की गूंज फैल गई. लोग गुस्से से सड़क पर उतर आए, एनएच-30ए जाम हो गया और हालात बेकाबू हो गए. यह सिर्फ एक सड़क हादसा नहीं था, बल्कि लापरवाही और शराबखोरी का वह स्याह चेहरा था जिसने एक ही परिवार की खुशियाँ छीन लीं.
पटना के बाढ़ अनुमंडल से सोमवार की शाम ऐसी भयावह तस्वीर सामने आई जिसने पूरे इलाके को दहला दिया. बेलगाम थार गाड़ी के चालक ने सड़क किनारे जा रहे पांच लोगों को रौंद डाला. हादसा इतना खौफनाक था कि चार ने मौके पर ही दम तोड़ दिया, जबकि एक गंभीर रूप से घायल बच्ची ज़िंदगी और मौत के बीच जूझ रही है.
हादसे की पूरी कहानी
यह हादसा बाढ़ थाना क्षेत्र के जामुनीचक गांव के पास एनएच-30ए पर हुआ. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, तेज रफ्तार से आ रही थार अचानक सड़क किनारे पैदल जा रहे लोगों पर चढ़ गई. एक-एक कर सभी पांच लोग उसकी चपेट में आ गए.
मौके पर ही दो महिलाओं और दो बच्चियों ने दम तोड़ दिया. वहीं गंभीर रूप से घायल एक लड़की को आनन-फानन में पटना पीएमसीएच भेजा गया, जहां उसकी हालत नाज़ुक बनी हुई है
हादसे के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई. स्थानीय लोग गुस्से से उबल पड़े. सड़क पर शव रखकर प्रदर्शन किया, एनएच-30ए को जाम कर दिया और टायर जलाकर आगजनी की. जाम के कारण घंटों तक यातायात बाधित रहा.
लोगों का आरोप है कि नशे की हालत में थार चालक ने एक ही परिवार के लोगों को कुचल दिया और मौके से फरार हो गया.
पुलिस की छानबीन
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को शांत कराने में जुट गई. पुलिस ने घटनास्थल से थार गाड़ी का टूटा हुआ हिस्सा भी बरामद किया है. चालक की तलाश तेज कर दी गई है. जामुनीचक गांव में मातम पसरा है.
परिजन सदमे में हैं, रो-रोकर बुरा हाल है. जिसने भी यह घटना देखी उसकी आंखें भर आईं. हादसे ने पूरे पटना जिले को झकझोर दिया है.


