बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत अपने पिता के लिए खुलकर मैदान में आए हैं. उन्होंने अपने पिता की सेहत को लेकर विपक्ष को जवाब दिया है.
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश के पुत्र निशांत कुमार इन दिनों बेहद सक्रिय दिख रहे हैं. निशांत एक्टिव हुए तो सियासी गलियारे में भी चर्चा का बाजार गरमाया हुआ है. आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए तरह-तरह के कयास भी लगाए जा रहे हैं. वहीं निशांत अपने पिता नीतीश कुमार के लिए लगातार अपील कर रहे हैं और प्रचंड जीत दिलाकर उन्हें फिर से मुख्यमंत्री बनाने की बात करते दिख रहे हैं. निशांत ने फिर एकबार बयान दिया है और विपक्ष पर भी प्रतिक्रिया दी है.
पिता की सेहत को लेकर जब निशांत ने दी सफाई
एक यूट्यूब न्यूज चैनल पर बात करते हुए निशांत कुमार ने अपने पिता की सेहत को लेकर सफाई दी. जिसपर विपक्ष लगातार सवाल खड़ते दिखा है. निशांत ने तेजस्वी यादव और प्रशांत किशोर के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि उनके पिता पूरी तरह से स्वस्थ और फिट हैं. नीतीश कुमार आराम से 5 साल मुख्यमंत्री रह सकते हैं. तमाम आरोपों पर जनता सबकुछ तय कर देगी.
विपक्ष के आरोप पर भी बोले…
निशांत ने कहा- ‘मेरे पिता 38 जिलों की यात्रा किए. प्रगति यात्रा उन्होंने किया. वो पीएम के साथ दिखे. राष्ट्रपति के साथ दिखे. क्या कोई कमी दिखी?’ निशांत ने कहा कि लोकतंत्र में सबको बोलने की आजादी है इसलिए लोग जो कहें इससे फर्क नहीं पड़ता. बुरा तो लगता है लेकिन कोई बात नहीं है. मेरे पिता पूरी तरह स्वस्थ हैं.
2005 के बाद क्या कुछ बदला…
निशांत ने कहा कि 2005 से पहले और अब की स्थिति देख लिजिए. अपने पिता के कार्यकाल की तारीफ करते हुए निशांत ने कहा कि उन्होंने हर क्षेत्र में काम किया. शिक्षा, बिजली, स्वास्थ्य समेत हर सेक्टर को आप देख लें. 2005 से पहले देखिए शिक्षा की क्या स्थिति थी. और अब क्या है. यहां कानून-व्यवस्था सही हुई तो लोग आने में नहीं डरते. पहले लोग गाड़ी खरीदने में डरते थे. 2005 के पहले जंगलराज की स्थिति पर उन्होंने कहा कि ये तो जनता ही तय करेगी. जनता को सब पता है.
पिता की क्या बात निशांत को सबसे अच्छी लगती है?
निशांत ने बताया कि नीतीश कुमार का उद्देश्य केवल जनता की सेवा करना है और अपने पिता की ये बात उन्हें सबसे अच्छी लगती है. उन्होंने कहा कि ‘आपने उन्हें 43 सीट पर ला दिया फिर भी वो विकास किए. जब अधिक सीट दी तब भी विकास किया. तो आपने जिस तरह से परीक्षा ली वो खरे उतरे. अब उन्हें अधिक सीट दें.


