Wednesday, September 16, 2026

Volvo XC60 और XC90 के लॉन्ग-रेंज PHEV पेश, 200km तक मिलेगी इलेक्ट्रिक रेंज.

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नई प्लग-इन हाइब्रिड SUVs में 41.2kWh की बड़ी बैटरी, XC60 को 200km तक और XC90 को करीब 160km तक की इलेक्ट्रिक रेंज.

हैदराबाद, 16 सितंबर। Volvo Cars ने यूरोप और अमेरिका के बाजारों के लिए अपनी लोकप्रिय SUV XC60 और XC90 के अपडेटेड लॉन्ग-रेंज प्लग-इन हाइब्रिड (PHEV) वर्जन पेश किए हैं। इन दोनों मॉडल्स में पहले की तुलना में काफी बड़ी 41.2kWh बैटरी दी गई है, जिसके चलते इलेक्ट्रिक मोड में ड्राइविंग रेंज में बड़ा इजाफा हुआ है। Volvo XC60 को WLTP के अनुसार 200km तक की इलेक्ट्रिक रेंज मिलती है, जबकि XC90 करीब 160km तक इलेक्ट्रिक मोड में चल सकती है।

41.2kWh बैटरी से बढ़ी इलेक्ट्रिक रेंज

नई PHEV तकनीक में Volvo ने मौजूदा मॉडल की तुलना में बैटरी क्षमता को काफी बढ़ाया है। 41.2kWh का बैटरी पैक वाहन के फ्लोर के नीचे लगाया गया है। इसके साथ ज्यादा पावरफुल इलेक्ट्रिक मोटर भी दी गई है।

XC60 के लॉन्ग-रेंज PHEV में 2.0-लीटर चार-सिलेंडर पेट्रोल इंजन के साथ इलेक्ट्रिक मोटर और ऑल-व्हील ड्राइव सिस्टम मिलता है। अलग-अलग पावरट्रेन के आधार पर इसकी अधिकतम सिस्टम आउटपुट करीब 461hp तक जाती है। सबसे पावरफुल वर्जन 0-100km/h की रफ्तार करीब 4.8 सेकंड में पकड़ सकता है।

XC90 में भी इसी 41.2kWh बैटरी और PHEV सेटअप का इस्तेमाल किया गया है। सात-सीटर SUV को इलेक्ट्रिक मोड में करीब 160km से ज्यादा की WLTP रेंज मिलती है, जबकि इसका 0-100km/h त्वरण करीब 5.2 सेकंड बताया गया है।

चार्जिंग और कुल रेंज

बड़ी बैटरी के बावजूद Volvo ने बैटरी को इस तरह लगाया है कि केबिन और बूट स्पेस पर इसका बड़ा असर न पड़े। AC चार्जिंग के जरिए बैटरी को करीब चार घंटे में पूरी तरह चार्ज किया जा सकता है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार इन मॉडल्स में DC फास्ट चार्जिंग की सुविधा नहीं दी गई है।

बैटरी और पेट्रोल इंजन को मिलाकर XC60 की कुल ड्राइविंग रेंज करीब 1,200km से ज्यादा तक बताई गई है, जबकि XC90 भी 1,100km के आसपास की कुल रेंज देने में सक्षम है। वास्तविक रेंज ड्राइविंग परिस्थितियों, मौसम और उपयोग के तरीके पर निर्भर करेगी।

XC60 के डिजाइन में बदलाव

नई पावरट्रेन के साथ Volvo ने XC60 के डिजाइन में भी कई बदलाव किए हैं। SUV में नया फ्रंट ग्रिल, अपडेटेड फ्रंट बंपर, बोनट और फ्रंट फेंडर्स दिए गए हैं।

इसके अलावा ‘Thor’s Hammer’ डिजाइन वाली LED हेडलाइट्स को नया रूप दिया गया है। पीछे की तरफ टेललाइट्स, टेलगेट और बंपर में बदलाव किए गए हैं। नए अलॉय व्हील डिजाइन भी मिलते हैं।

11.2-इंच स्क्रीन और Google Gemini

केबिन में भी XC60 को अपडेट किया गया है। इसमें 11.2-इंच का वर्टिकल इंफोटेनमेंट डिस्प्ले दिया गया है, जो Volvo के नए इंटरफेस पर चलता है।

सबसे खास टेक्नोलॉजी अपडेट में Google Gemini AI असिस्टेंट शामिल है। इसकी मदद से यूजर प्राकृतिक भाषा में वाहन से बातचीत करते हुए यात्रा की योजना बनाने, रास्ते में स्टॉप खोजने और मैसेज से जुड़े काम करने जैसे कार्य कर सकते हैं।

SUV में बेहतर कैमरा, रडार और सेंसर सिस्टम के साथ एडवांस्ड ड्राइवर असिस्टेंस फीचर्स भी मिलते हैं। इनमें ऑटोमैटिक इमरजेंसी ब्रेकिंग, लेन-चेंज असिस्ट और 360-डिग्री कैमरा जैसे फीचर्स शामिल हैं।

XC90 में 7-सीटर लेआउट बरकरार

XC90 के अपडेट में इसके मौजूदा सात-सीटर लेआउट को बरकरार रखा गया है। SUV में प्रीमियम इंटीरियर, वुड ट्रिम और आराम पर केंद्रित केबिन दिया गया है।

XC90 को भी Volvo का नया इंफोटेनमेंट इंटरफेस और Google Gemini AI तकनीक मिलती है। इसके अलावा प्रीमियम ऑडियो सिस्टम का विकल्प भी उपलब्ध है।

भारत में PHEV वर्जन पर क्या है स्थिति?

फिलहाल Volvo भारत में XC60 और XC90 के PHEV वर्जन की बिक्री नहीं करती है। भारतीय बाजार में दोनों SUV को 2.0-लीटर पेट्रोल इंजन के साथ 48V माइल्ड-हाइब्रिड सेटअप में पेश किया जाता है। इसलिए यूरोप और अमेरिका में पेश किए गए ये लॉन्ग-रेंज PHEV मॉडल भारतीय ग्राहकों के लिए अभी उपलब्ध नहीं हैं।

Volvo के मुताबिक नई PHEV तकनीक का उद्देश्य इलेक्ट्रिक ड्राइविंग की क्षमता को बढ़ाना है, जबकि जरूरत पड़ने पर पेट्रोल इंजन के जरिए लंबी दूरी तय करने की सुविधा बरकरार रहती है।

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