रांची: झारखंड में चल रही राष्ट्रीय स्कूली खेल प्रतियोगिता के तहत अंडर-17 बालक एवं बालिका वर्ग की हॉकी स्पर्धा में बुधवार को भी रोमांचक मुकाबले देखने को मिले. देश के अलग-अलग राज्यों और खेल इकाइयों की टीमें पूरे उत्साह के साथ मैदान में उतरीं, जिससे प्रतियोगिता का स्तर ऊंचा नजर आया.
इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता में कुल 63 टीमें हिस्सा ले रही हैं. केरल से लेकर कन्याकुमारी तक के खिलाड़ी झारखंड पहुंचे हैं, जिससे आयोजन को अखिल भारतीय स्वरूप मिला है. अलग-अलग राज्यों की टीमों ने अपनी रणनीति, फिटनेस और तकनीकी कौशल से दर्शकों को प्रभावित किया.
खिलाड़ियों और कोच ने की व्यवस्था की सराहना
पांडिचेरी से आई टीम के खिलाड़ियों और कोच ने आयोजन की व्यवस्था की सराहना की. उनका कहना है कि झारखंड ने प्रतियोगिता की मेजबानी बेहतर तरीके से की है. कोच के अनुसार, स्कूली स्तर पर खिलाड़ियों की ग्रासरूट लेवल की तैयारी मजबूत दिखाई दे रही है, जो भविष्य में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय हॉकी के लिए लाभकारी साबित होगा.
31 जनवरी तक चलेगी प्रतियोगिता
आयोजकों ने बताया कि यह प्रतियोगिता 31 जनवरी तक लगातार चलेगी. आने वाले दिनों में लीग और नॉक-आउट मुकाबलों में और भी कड़े मुकाबले देखने को मिलेंगे. प्रतियोगिता के जरिए क्वालीफाई करने वाली टीमें आगे राष्ट्रीय टीम की चयन प्रक्रिया में शामिल होंगी. आयोजकों का कहना है कि इस तरह के आयोजन स्कूल स्तर से ही प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को आगे बढ़ने का मंच देते हैं.

झारखंड में हॉकी की मजबूत परंपरा रही है और इस प्रतियोगिता के आयोजन से राज्य एक बार फिर हॉकी गतिविधियों के प्रमुख केंद्र के रूप में उभर रहा है. खेल विशेषज्ञों का मानना है कि नियमित रूप से राष्ट्रीय स्कूली प्रतियोगिताएं आयोजित होने से प्रतिभाओं की पहचान समय रहते हो पाती है और खिलाड़ियों को आगे बढ़ने का स्पष्ट रास्ता मिलता है.

चार मैदानों पर खेले जा रहे हैं मुकाबले
अंडर-17 वर्ग के लीग मुकाबले रांची और आसपास के चार प्रमुख मैदानों में आयोजित किए जा रहे हैं. जिसमें रांची के मोरहाबादी स्थित जयपाल सिंह मुंडा एस्ट्रो टर्फ हॉकी स्टेडियम, रांची के बरियातू स्थित मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय, रांची के हटिया स्थित रेलवे ग्राउंड और खूंटी का एस्ट्रो टर्फ हॉकी स्टेडियम. इन सभी मैदानों में खिलाड़ियों के लिए बेहतर खेल सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं, जिससे मुकाबले उच्च स्तर के देखने को मिल रहे हैं.


