रांचीः देश में हर भारतीय के पास आधार कार्ड का होना जरूरी हो गया है. बैंक खाता खोलने से लेकर सरकार की योजनाओं का लाभ लेने में इसकी जरूरत पड़ती है, लेकिन यही कार्ड ग्रामीण इलाकों के लोगों के लिए परेशानी भी खड़ी कर रहा है. खासकर तब, जब आधार कार्ड में किसी तरह का अपडेट कराने की जरूरत पड़ती है. इस मामले को ध्यानाकर्षण के दौरान गढ़वा के भवनाथपुर से झामुमो विधायक अनंत प्रताप देव ने सदन में उठाया.
जिलास्तर पर हो ‘आधार’ में सुधार की व्यवस्था
झामुमो विधायक ने कहा कि आधार कार्ड में सुधार का मुख्य कार्य रांची मुख्यालय स्थित एजेंसी के दफ्तर में होता है. इसके लिए मैनुअल सत्यापन की भी जरूरत पड़ती है. इसकी वजह से ग्रामीण इलाके के लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ती है. आधार कार्ड में नाम, पता या जन्मतिथि में सुधार कराने में करीब 30 से 90 दिन का समय लगता है. इस वजह से गरीबों को सरकारी योजनाओं का लाभ मिलने में देरी होती है. लिहाजा, छोटे-मोटे सुधार के लिए कम से कम जिलास्तर पर सुधार की व्यवस्था होनी चाहिए.
जिलास्तर पर सेंटर के लिए केंद्र से होगा आग्रह
इसपर प्रभारी मंत्री दीपक बिरुआ ने कहा कि वे भी इस समस्या से वाकिफ हैं, लेकिन यह मामला केंद्र सरकार से जुड़ा हुआ है. इसपर राज्य सरकार कुछ नहीं कर सकती है. उन्होंने बताया कि झारखंड की राजधानी रांची में UIDAI का रिजनल सेंटर है. इसी जगह पर आधार कार्ड में दर्ज गलतियों का सुधार किया जाता है. इसका मुख्यालय बेंगलुरु में है. फिर भी राज्यहित में उनकी सरकार केंद्र सरकार से संपर्क कर कोशिश करेगी कि प्रमंडल स्तर पर आधार अपडेट सेंटर स्थापित हो, ताकि ग्रामीणों की तकलीफ कम की जा सके. उन्होंने कहा कि वैसे वे चाहेंगे कि जिला स्तर पर ही आधार अपडेट सेंटर खोले जाएं. इसके लिए केंद्र सरकार से आग्रह किया जाएगा.


