- रांची: झारखंड मुक्ति मोर्चा ने वक्फ संशोधन कानून का राज्य में विरोध करने की घोषणा की है. संसद से पारित वक्फ बोर्ड संशोधन बिल को धार्मिक उन्माद बढ़ाने वाला बताया है. झामुमो के केंद्रीय महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि वक्फ बोर्ड कानून में बदलाव की मूल भावना देश के संविधान के प्रस्तावना में लिखे “धर्मनिरपेक्षता” की भावना पर चोट करना है. सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि पूरे विश्व में भारत की प्रतिष्ठा इसलिए है क्योंकि हमारे लोकतंत्र में सर्वधर्म समभाव की भावना है, लेकिन वर्तमान केंद्र की सरकार में पहला हमला संवैधानिक संस्थाओं पर ही बोला गया.
पार्टी के केंद्रीय कैंप कार्यालय में संवाददाता सम्मेलन कर सुप्रियो ने कहा कि आज लोग रोजगार, महंगाई जैसे बुनियादी सवालों से परेशान हैं. अमेरिका के सामने हमारे नेता नतमस्तक होकर आए हैं, अमेरिका ने आधी रात को आयात टैरिफ बढ़ा दिया है. ऐसे में इन मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए वक्फ कानून में संशोधन कराया गया है. हमने लोकसभा में भी विरोध किया और राज्यसभा में भी विरोध करेंगे. साथ ही राज्य में भी इसका विरोध होगा.
झामुमो के केंद्रीय महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि देश-राज्य में सौहार्द बना रहे, देश सब के साथ आगे बढ़े यही हमारी कामना है. हम वक्फ संशोधन का विरोध करेंगे और किसी के साथ नाइंसाफी नहीं होने देंगे. भाजपा इस तरह के मामलों पर देश में टकराव की स्थिति बनाना चाहती है. जिसका झामुमो विरोध करता रहेगा.
उन्होंने कहा कि जमीन संबंधी मामले राज्य का विषय होता है. ऐसे में हमारे राज्य में इसे थोपने की कोशिश नहीं होनी चाहिए. राज्यों की सहमति के बैगर कोई कानून लागू नहीं होना चाहिए. सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि हम झारखंड में एक इंच भी वक्फ की संपत्ति पीएम और उनके करीबी लोगों के हाथों में नहीं जाने देंगे.