बॉलीबुड एक्टर सिद्धार्थ मल्होत्रा के पिता सुनील मल्होत्रा का निधन हो गया है. उनका 14 फरवरी को दिल्ली में हेल्थ प्रॉब्लम की वजह से निधन हुआ है. इस खबर के बाद सिद्धार्थ ने सोशल मीडिया के जरिए भावुक नोट साझा कर इसकी जानकारी दी. सिद्धार्थ के बाद अब उनकी पत्नी-एक्ट्रेस कियारा आडवाणी ने अपने ससुर की मौत पर शोक जताया है. एक्ट्रेस ने सिद्धार्थ के पिता के साथ बिताए पल की खास तस्वीर शेयर की है और इसे एक खास नोट के साथ जोड़ा.
सिद्धार्थ मल्होत्रा के बाद, कियारा आडवाणी ने इंस्टाग्राम पर अपने ससुर सुनील मल्होत्रा के लिए एक भावुक नोट लिखा है. उन्होंने एक थ्रोबैक फ़ोटो शेयर करते हुए लिखा, ‘शुरू से ही आपने खुले दिल और बिना शर्त के प्यार से मेरा स्वागत किया, जिसने हम सभी को एक साथ जोड़ा.’
आगे लिखा, ‘आपका अपनापन हमेशा बना रहता था. आपकी दरियादिली बिना किसी मेहनत के थी. आपके परिवार के लिए आपका प्यार आपके हर काम से ज्यादा जरूरी था. आप हर बार मौजूद रहे. आप ध्यान से सुनते थे. आपको छोटी-छोटी बातें याद रहती थीं. आपने बहुत कुछ दिल खोलकर दिया, बदले में कभी कुछ उम्मीद नहीं की.’
उन्होंने आगे कहा, ‘आपकी कहानियां, आपकी हंसी, आपकी शांत ताकत और आपका कोमल दिल हमेशा मेरे साथ रहेगा. आप अपने पीछे की दरियादिली, ईमानदारी और गहरापन, अटूट प्यार की विरासत छोड़ गए हैं. यह आपके बच्चों, नाती-पोतों और हम सभी में जिंदा रहेगा, जिन्हें आपको जानने का सौभाग्य मिला. आपकी आत्मा को शांति मिले. आपको हमेशा मिस करेंगे, हमेशा प्यार करेंगे और हमेशा याद करेंगे.’
इससे पहले, सिद्धार्थ मल्होत्रा ने अपने पिता को याद करते हुए एक नोट साझा किया था और उन्हें अपना ‘पहला हीरो और साइलेंट गाइड’ कहा था. मंगलवार को, सिद्धार्थ ने एक बहुत ही पर्सनल नोट के साथ अपने पिता को आखिरी श्रद्धांजलि दी थी.
एक्टर ने अपने नोट में लिखा था, ‘वह बहुत ही ईमानदारी, सच्चाई और संस्कार वाले इंसान थे. उन्होंने ऐसी वैल्यूज के साथ जिंदगी जी, जो कभी उन्हें झुकने नहीं दी. उन अनुशासित थे वो भी बिना कठोरता के. ताकत थी बिना अहंकार के. पॉजिटिविटी, तब भी जब जिंदगी ने उनका बहुत ज्यादा टेस्ट लिया.’
उन्होंने आगे लिखा, ‘मर्चेंट नेवी कैप्टन के तौर पर समुद्र की कमान संभालने से लेकर बीमारी का चुपचाप हिम्मत से सामना करने तक, उन्होंने कभी समझौता नहीं किया, कभी अपनी शालीनता नहीं खोई. तब भी जब स्ट्रोक ने उन्हें व्हीलचेयर तक सीमित कर दिया, उनका हौसला बुलंद रहा.’
आखिरी में सिद्धार्थ को एक वादा करते हुए लिखते हैं, ‘पापा, आपकी ईमानदारी मेरी विरासत है. आपकी ताकत मुझे हर दिन रास्ता दिखाती है. आपकी पॉजिटिविटी आज भी इस परिवार को एक साथ रखती है. आप हमें शांति से सोते हुए छोड़ गए, लेकिन आप जो जगह पीछे छोड़ गए हैं, उसे मापा नहीं जा सकता. मैं जो भी हूं, आपकी वजह से हूं. और मैं आपका नाम, आपके वैल्यूज और आपकी रोशनी से हमेशा आगे बढ़ाऊंगा. लव यू डैड.’


