दिवाली का त्योहार आते ही मिठाइयों, पनीर और त्योहारी खाद्य पदार्थों की बिक्री बढ़ जाती है. लेकिन इस साल भी हर साल की तरह कई रिपोर्ट्स में बताया गया है कि बाजार में नकली या मिलावटी पनीर भी मिल रहे हैं. नकली पनीर न केवल स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है, बल्कि त्योहारों के व्यंजनों का स्वाद भी बिगाड़ देता है. इसलिए, घर पर ताजा, मुलायम और मलाईदार पनीर बनाना सबसे सुरक्षित और बेहतरीन तरीका है. अगर आपको लगता है कि पनीर बनाना कोई मुश्किल काम है, तो आप गलत हैं. इसे कुछ ही मिनटों में आसानी से बनाया जा सकता है. इस घर के बने पनीर का स्वाद और गुणवत्ता बाजार में मिलने वाले पनीर से बेहतर होती है. आइए इस लेख में घर पर फ्रेश, मुलायम पनीर बनाने के कुछ टिप्स जानें…
घर पर पनीर बनाने का आसान तरीका
सबसे पहले, एक पैन में फुल-क्रीम दूध डालें और धीमी आंच पर उबलने दें. दूध को बीच-बीच में चलाते रहें ताकि वह बर्तन में न लगे. जब दूध उबलने लगे, तो धीरे-धीरे एक-एक चम्मच नींबू का रस और सफेद सिरका डालें और चलाते रहें. अब जब दूध फट जाएगा और पानी अलग हो जाएगा. तब फटे हुए दूध को एक पतले कपड़े या छलनी से छान लें. इससे सारा अतिरिक्त पानी निकल जाएगा और केवल ठोस पनीर ही बचेगा. छाने हुए पनीर को एक कपड़े में लपेटकर हल्के से दबाएं ताकि बचा हुआ पानी निकल जाए फिर पनीर को मनचाहा आकार देने के लिए किसी कंटेनर में डालकर 1-2 घंटे के लिए ठंडा होने के लिए रख दें. आपका ताजा मुलायम घर का बना पनीर तैयार है.
यह घर का बना पनीर 100 फीसदी शुद्ध और ताजा होता है. इसमें मिलावटी पनीर वाले रसायन या प्रिजर्वेटिव नहीं होते. यह सेहत और खाने का स्वाद दोनों बढ़ाता है. हालांकि, नकली पनीर की कुछ खासियतें होती हैं. बाजार में मिलने वाला पनीर बहुत चमकदार और सफेद होता है. इसका स्वाद कम होता है और पानी में भीगने पर आसानी से टूट जाता है. इस दिवाली नकली पनीर से दूर रहें. घर पर ताजा पनीर बनाकर आप खाने का स्वाद दोगुना कर सकते हैं
कैसे पहचानें असली और नकली पनीर में अंतर
नकली पनीर बनाने के लिए नकली पनीर दूध पाउडर और पानी का इस्तेमाल होता है. नींबू के रस से यह चमकदार होता है. इसके साथ ही इसमें पॉम ऑयल भी मिलाया जाता है. भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने दूध के उत्पादों की जांच के कई उपाय बताए हैं.
ऐसे कर सकते जांच
प्रेशर टेस्ट: बाजार से खरीदे गए पनीर को एक प्लेट में रखें और उसे हल्के दबाव से मसलें. अगर वह फैलता है या टूटता है, तो इसका मतलब है कि उसमें मिलावट नहीं है. अगर ऐसा नहीं है, तो हो सकता है कि उसमें मिलावट हो. दरअसल, नकली पनीर में मिलाए गए तत्व दूध के गुणों को नष्ट कर देते हैं और उसे सख्त बना देते हैं.
आयोडीन टेस्ट: पनीर का एक छोटा सा हिस्सा लें और उसे पानी में करीब 5 मिनट तक उबालें और एक प्लेट में रख लें. ठंडा होने पर ऊपर से आयोडीन की कुछ बूंदें डालें. अगर पनीर का रंग नीला है तो समझ लें कि पनीर दूध में आर्टिफिशियल सब्सटांस मिलाकर बनाया गया है.
अरहर दाल के साथ प्रयोग: सबसे पहले एक बर्तन में पानी में पनीर के टुकड़े डालकर उबालें – इसमें एक चम्मच अरहर की दाल डालकर 10 मिनट तक गैस पर रखें. अगर पनीर का रंग हल्का लाल हो जाए, तो समझ लीजिए कि उसमें यूरिया हो सकता है.
खरीदने से पहले जांच लें: अगर किसी मिठाई की दुकान से खुला पनीर खरीद रहे हैं, तो स्वाद के लिए पनीर का एक छोटा टुकड़ा मांग लें. अगर खाने के बाद पनीर थोड़ा सख्त, खट्टा या मसालेदार लगता है, तो इसमें आर्टिफिशियल तत्व हो सकते हैं.


