बिहार सरकार ने जीविका के तहत काम करने वाले 1.4 लाख कर्मियों के हित में एक बड़ा फैसला लिया है. सरकार ने अब इन कर्मियों की सैलरी दोगुनी कर दी है. इस फैसले से जीविका कर्मियों को सीधा लाभ होगा. पढे़ं पूरी खबर…
बिहार सरकार ने जीविका कर्मियों के लिए बड़ी खुशखबरी दी है. प्रदेश के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने जानकारी देते हुए बताया कि बिहार ग्रामीण जीविकोपार्जन प्रोत्साहन समिति (जीविका) से जुड़े सामुदायिक संगठन कार्यकर्ता, सामुदायिक सेवा प्रदाता एवं सामुदायिक संसाधन सेवी के मासिक मानदेय दोगुना करने का फैसला सरकार की तरफ से लिया गया है. इसके लिए 347.51 करोड़ (तीन अरब सैतालीस करोड़ इक्याबन लाख) रूपये की स्वीकृति दी गई है.
1.4 लाख कर्मियों को होगा फायदा
उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आगे कहा कि सरकार के इस फैसले से जीविका के तहत काम करने वाले लगभग 1.40 लाख प्रशिक्षु, प्रशिक्षक, फील्ड स्टाफ और अन्य कर्मियों की सैलरी दोगुनी हो जाएगी. इसका पूरा खर्च राज्य सरकार वहन करेगी. उन्होंने कहा कि विभागीय संकल्प के अनुसार, मानदेय वृद्धि से हर साल 735 करोड़ रुपये का अतिरिक्त व्यय भार राज्य सरकार पर आएगा. वित्तीय वर्ष 2025-26 में 347.51 करोड़ रुपए की अग्रिम स्वीकृति बिहार आकस्मिकता निधि से प्रदान की गई है.
“जीविका के लिए निरंतर कार्य कर रही सरकार”
उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि प्रदेश में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार जीविका स्वयं सहायता समूह के अंतर्गत काम करने वाले कर्मचारियों के हितों के लिए निरंतर विकास कार्य कर रही है. अब सरकार के इस फैसले से जीविका से जुड़े सामुदायिक संगठन कार्यकर्ता, सामुदायिक सेवा प्रदाता एवं सामुदायिक संसाधन सेवी को सीधा लाभ होगा.


